निवेश के नाम पर लाखों ठगने वाला शातिर गिरफ्तार
पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार चंडीगढ़ अदालत के बाहर से दबोचा
आरोपी को अदालत में किया गया पेश, एक दिन के रिमांड पर
दो साल से आरोपी पुलिस की पकड़ से था बाहर
अमर उजाला ब्यूरो
मोहाली।
विभिन्न बैंकों और कंपनियों में निवेश के नाम पर लाखों की ठगी करने वाले आरोपी को पुलिस ने दो साल बाद चंडीगढ़ की जिला अदालत के बाहर से गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान मोहन सिंह रावत निवासी गांव दाऊं के रूप में हुई। फेज-छह चौकी के इंचार्ज एसआई बलजिंदर सिंह मंड ने आरोपी को गिरफ्तार करने की पुष्टि की। उन्होंने बताया कि आरोपी को अदालत में पेश किया। जहां से उसे एक दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया।
जानकारी के मुताबिक, यह मामला 2015 में फेज-एक थाने में दर्ज हुआ था। इस संबंध में पुलिस को चंडीगढ़ के सेक्टर-65 निवासी महेश कुमार गुप्ता ने शिकायत दी थी। उन्होंने बताया था कि 2012-13 में वह आरोपी के संपर्क में आए थे। आरोपी ने उन्हें बताया था कि वह कंपनियों में पॉलिसी करने पर उन्हें मोटा मुनाफा दिला सकता है। इस दौरान आरोपी ने उनके सामने कई प्लान रखे। आरोपी ने बताया कि वह कई लोगों के पैसे इन प्लानों में निवेश कर चुका है। वह आरोपी की बातों में आ गए। इसके बाद उन्होंने मोटे मुनाफे की लालच में करीब सात लाख रुपये निवेश कर दिए, लेकिन बाद में यह सब झूठा निकला। उन्हें बाद में पता चला कि आरोपी ने उनके साथ धोखाधड़ी की। फिर उन्होंने आरोपी सेे पैसेे मांगे तो उसने पैसे देेने से मना कर दिया। इसकेे बाद आरोपी ने उनका फोन उठाना भी बंद कर दिया। इसके बाद उन्होंने पुलिस को शिकायत दी। पुलिस ने मामले की जांच के बाद आरोपी के खिलाफ आईपीसी की धारा 420 व 406 के तहत केस दर्ज किया था।
भगोड़ा था आरोपी
पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक आरोपी पर केस दर्ज होने के बाद वह गायब था। अदालत ने उसे भगोड़ा करार दे दिया था। पुलिस लंबे समय से उसकी तलाश कर रही थी। इसी बीच पुलिस ने उसे दबोचने में सफलता हासिल की है।
ऐसे आया पुलिस की गिरफ्त में
पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक आरोपी की चंडीगढ़ अदालत में पेशी थी। इस संबंध में पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी। इसके बाद पुलिस ने उसे अदालत के बाहर से दबोच लिया।