गैंगस्टर सुखप्रीत सिंह बुड्डा काफी समय से राज्य में जबरन वसूली का रैकेट चला रहा था। उसके निशाने पर पंजाबी सिंगर या एक्टर ही नहीं बल्कि बिजनेसमैन भी थे। इतना ही नहीं परमीश वर्मा से भी आरोपी ने बीस लाख रुपये जबरन वसूली की बात कबूल ली है। हालांकि पुलिस अधिकारी इसकी पुष्टि नहीं कर रहे हैं। आरोपी सात दिन के रिमांड पर चल रहा है।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक आरोपी ने बताया कि वह जबरन वसूली का काम करता था। उसके ज्यादातर शिकार मोगा जिले से संबंधित थे। वहीं, उसने माना है कि उसका यह सारा काला कारोबार दुबई बेस्ड साथी की मदद से चलता था। यह कारोबार एक आर्गेेनाइज्ड तरीके से चलता था। उसने इस तरीके से काफी पैसा कमाया है। उसकी गैंग ने मोगा बेस्ड बिजनेसमैन, राइस शैलर मालिकों को भी निशाना बनाया है। वह इस काम में तीन से चार साल से लगा हुआ था।
बता दें कि गत वर्ष जब अप्रैल माह में सिंगर परमीश वर्मा पर हमला हुआ था, उस समय यह बात सामने आई थी कि गैंगस्टर दिलप्रीत के साथ सुखप्रीत सिंह बुड्डा भी शामिल था। इतना ही नहीं हमला करने के बाद दिल्ली में बीस लाख रुपये भी गैंगस्टर को दिए गए थे।
गिप्पी गरेवाल केस में जांच जा रही है भूमिका
दूसरी तरफ अब पुलिस गैंगस्टर से सिंगर व एक्टर गिप्पी गरेवाल को फोन पर जान से मारने की धमकियां देने के मामले की भी जांच कर रही थी। क्योंकि सिंगर की फिल्म रिलीज होने के मौके उसे धमकियां दी गई थी। सिंगर ने इस संबंधी एक फोन नंबर व अन्य जानकारियां पुलिस को मुहैया करवाई थीं। इसके बाद पुलिस ने सुखप्रीत बुड्डा के खिलाफ थाना फेज-आठ में केस दर्ज किया था।
गैंगस्टर के लोकल साथियों का पता लगाने में जुटी पुलिस
जानकारी के मुताबिक पुलिस हिंदू नेता निशांत शर्मा को जान से मारने की धमकियां देने के मामले की भी जांच कर रही है। इस संबंधी खरड़ में सुखप्रीत बुड्डा पर केस दर्ज है। वहीं, अब पुलिस उसके लिए मोहाली व साथ लगते इलाकों में काम करने वाले आरोपी की पड़ताल में जुटी हुई है क्योंकि निशांत शर्मा को कुछ दिन पहले एक फोन कॉल आई थी। फोन करने वाले ने खुद को सुखप्रीत बुड्डा का भाई बताते हुए कहा था कि उसके भाई को पकड़वाकर उन्होंने ठीक नहीं किया। वे उसके शहर में घूम रहे हैं जल्द ही उसे जान से मार देंगे।