मोहाली। नगर निगम की हदबंदी बढ़ाने को लेकर एक बार फिर नगर निगम में राजनीति गरमाने वाली है। करीब चार साल के बाद फिर से हदबंदी बढ़ाने को लेकर नगर निगम की हाउस की मीटिंग में प्रस्ताव लाया लाएगा। इससे पहले ग्रेटर मोहाली एरिया डेवलपमेंट अथॉरिटी द्वारा बसाए सेक्टरों को बेहतर बनाने और सुविधाएं देने के लिए निगम ने वर्ष 2021 में प्रस्ताव पास किया था। यह अभी तक पास नहीं हुआ है। इस कारण निगम की हद के साथ लगते इलाके के लोग मूलभूत सुविधाओं को तरस रहे हैं। इस प्रस्ताव को लेकर मेयर अमरजीत सिंह जीती सिद्धू ने पुष्टि भी की है।
शहर के बढ़ते इंफ्रास्ट्रक्चर को बेहतर करने के लिए नगर निगम द्वारा वर्ष 2021 में यह प्रस्ताव हाउस में पास कर दिया था। इसके बाद उसको लोकल अर्बन बाडी के ध्यानार्थ भेज दिया था। इसमें टीडीआई के सेक्टर, जेएलपीएल के चार सेक्टर, तीन गांवों को नगर निगम में शामिल करने का प्रस्ताव था। इसमें शहर की सीमाओं को बढ़ाने के साथ-साथ पब्लिक हेल्थ का सारा काम नगर निगम द्वारा गमाडा से ट्रांसफर करवाने के प्रस्ताव पर भी इस मीटिंग में मोहर लगा दी गई थी। मेयर ने बताया कि कई सालों से लोग शहर के साथ जुटे क्षेत्रों को निगम में शामिल करने की मांग कर रहे थे। जिसमें एयरपोर्ट रोड के साथ जुड़े टीडीआई के सेक्टर, गांव बरियाली, बलौंगी, बड़ माजरा और सेक्टर-91, 92, 82, 66 ए यह सेक्टर एयरपोर्ट रोड पर स्थित है। इनको जेएलपीएल की ओर से विकसित किए गए हैं। इन सेक्टरों में रहने वाले लोगों को नगर निगम की सुविधाएं मुहैया करवाने के लिए यह कदम उठाया जाना था। इन एरिया में रहने वाले करीब अस्सी हजार लोगों को अच्छी सुविधाएं मिलने की उम्मीद थी। तीन वर्ष पहले हाउस की मीटिंग में इस प्रस्ताव को इसी वजह से पास किया गया था कि इन इलाकों का विकास हो सके।
जिला परिषद चुनाव नजदीक आते देख फिर गर्माया मुद्दा
जिला परिषद चुनाव नजदीक आते देख मोहाली शहर के साथ सटे सात गांवों को नगर निगम सीमा में शामिल करने का मुद्दा एक बार फिर गरमा गया है। इन गांवों को नगर निगम में शामिल करने का मुद्दा पिछले चार सालों से लटका पड़ा था।