मेयर ने निकाय विभाग के नोटिस को हाईकोर्ट में दी चुनौती
दोगुनी से ज्यादा कीमत में प्रूनिंग मशीन की खरीदने के आरोप में निकाय विभाग ने भेजा था नोटिस
सात दिन में नोटिस का जवाब देने के लिए कहा गया था
इससे पहले ही मेयर ने नोटिस को हाईकोर्ट में किया चैलेंज
अमर उजाला ब्यूरो
मोहाली।
मेयर कुलवंत सिंह को पेड़ों की प्रूनिंग के लिए खरीदी गई मशीन के मामले में स्थानीय निकाय विभाग की ओर से जारी किए गए नोटिस को उन्होंने हाईकोर्ट में चुनौती दी है। उन्होंने पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट में याचिका दायर की है। इसमें मेयर ने राज्य सरकार को पार्टी बनाया है। अदालत में केस लिस्ट हो गया है। शुक्रवार को केस की सुनवाई संबंधी फैसला होना है।
पेड़ों की प्रूनिंग के लिए नगर निगम ने विदेश से मशीन मंगवाई थी। इस संबंध में नगर निगम की तरफ से हाउस में प्रस्ताव तक पास किया गया था, लेकिन मशीन अपना काम भी शुरू करती। इससे पहले ही इस मशीन की स्थानीय निकाय विभाग की तरफ से विजिलेंस जांच शुरू हो गई। विजिलेंस ने मशीन की खरीद संबंधी रिकॉर्ड को अपने कब्जे में ले लिया था। इसके बाद चार जनवरी को विभाग ने मेयर कुलवंत सिंह को शोकॉज नोटिस जारी किया था, जिसमें कहा गया था कि उन्होंने मशीन खरीद में सरकारी खजाने को नुकसान पहुंचाया है। मशीन कई गुणा अधिक कीमत पर खरीदी गई है। ऐसे में क्यों न उन्हें काउंसिलर पद से बर्खास्त कर दिया जाए। नोटिस का जवाब देने का वीरवार आखिरी दिन था। पता चला है कि उससे पहले ही उन्होंने अदालत में शरण ले ली है। अब अदालत द्वारा इस संबंध में आगे की कार्रवाई की जाएगी।
1.79 करोड़ में खरीदी 28 लाख की मशीन
निकाय मंत्री ने कुलवंत सिंह को भेजे नोटिस में कहा था कि मेयर और कमिश्नर ने अन्य अधिकारियों के साथ मिलकर सरकारी खजाने को नुकसान पहुंचाया है। इस मशीन की देश में 28 लाख कीमत थी। विदेश से मंगवाने पर 80 लाख की पड़ती थी, लेकिन प्रस्ताव पास कर 1.79 करोड़ में मशीन खरीदने के आदेश जारी किए गए हैं। अब विभाग के चीफ विजिलेंस अफसर की जांच रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई की गई है।