गांव तुगल में अबोहर ब्रांच नहर पर आजादी से पहले बना खस्ता हालत पुल के टूट कर पानी में बह गया। इस दौरान वहां से गुजर रहे किसान धर्मवीर सिंह का ट्रैक्टर पलट गया। हादसे में किसान की जान तो बच गई लेकिन ट्रॉली में लदी करीब चार लाख रुपये की मूंगी की फसल पानी में बह गई।
गांव वासियों का कहना है कि दशकों बाद सरकार द्वारा इसी खस्ता हाल पुल के ऊपर ही नया पुल बनाया जा रहा है। इसके अलावा पुल बनाने में निर्धारित से ज्यादा समय लग रहा है। गांव तुगल की 80 फीसदी से अधिक खेती योग्य जमीन पुल के दूसरी तरफ होने के कारण किसानों को हर रोज जान जोखिम में डालकर गुजरना पड़ता है। इसके अलावा श्मशानघाट, सरकारी स्कूल, खेल का मैदान, सहकारी सभा और अन्य संस्थान भी पुल की दूसरी ओर ही हैं।
दूसरे रास्तों से घूमकर जाने में 5 से 10 किलोमीटर दूरी बढ़ जाती है। सरपंच मंजीत सिंह बुट्टर, समिति सदस्य गुरबख्श सिंह, गुरमुख सिंह, पूर्व सरपंच अवतार सिंह ने सरकार से धर्मवीर को पूरा मुआवजा देने की मांग की है। पंजाब मंडीकरण बोर्ड के एक्सईएन अमनदीप सिंह ने कहा कि किसानों को पुराने पुल से भारी वाहन न ले जाने संबंधी कई बार कहा गया है। इसके लिए बकायदा चेतावनी बोर्ड भी लगाए गए हैं। इसके बावजूद किसान जान जोखिम में डालकर वाहन गुजारते हैं।