सूबा सरकार की मुलाजिम विरोधी नीतियों के खिलाफ शुक्रवार को पीएयू रिटायरीज वेलफेयर एसोसिएशन ने थापर हॉल के सामने धरना लगाया।
धरने में मौजूद सदस्यों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और साफ किया कि जब तक उनकी मांगों पर पूरी तरह से अमल नहीं होता, संघर्ष जारी रहेगा। एसोसिएशन के सदस्य पेंशन और पेंशन के बकाया नहीं मिलने से रोष में हैं। धरने में शामिल होने के लिए सूबे के विभिन्न शहरों से सदस्य पहुंचे। सभी नेताओं ने पंजाब कृषि विश्वविद्यालय प्रबंधन से मांग की है कि वह सरकार पर दबाव बनाए कि सदस्यों की पेंशन का हर माह वक्त पर भुगतान यकीनी बनाया जाए।
धरने का नेतृत्व कर रहे जिला राम बंसल ने कहा कि रिटायर मुलाजिमों का रोष देखते हुए पीएयू प्रबंधन ने अब भरोसा दिलाया है कि 27 मई तक पेंशन जारी करा दी जाएगी। एसोसिएशन के चेयरमैन डीपी मौड़ ने कहा कि सभी पेंशनरों को मुफ्त में चिकित्सा सेवाएं भी मुहैया कराई जाएं। विश्वविद्यालय परिसर में सदस्यों की सुविधा के लिए सुविधा केंद्र खोला जाए। महासचिव सतीश सूद ने कहा कि पीएयू प्रशासन से जानकारी मिली है कि सरकार ने बीस करोड़ रुपये की ग्रांट जारी कर दी है। संगठन ने मांग की है कि रिटायर कर्मचारियों के बकाया का भुगतान बिना किसी देरी के किया जाए। धरने में डॉ. बीएल चोपड़ा, डॉ. वीपी महाजन, सीता मुरली, सरोज पोपली और बलबीर कौर समेत कई सदस्य मौजूद रहे।