हरियाणा में जारी जाट आरक्षण आंदोलन का असर लुधियाना के उद्योगों पर भी दिखने लगा है। रेल और सड़क यातायात ठप होने के कारण उद्यमियों का करोड़ों रुपये का माल अटक गया है। स्थिति पर मंथन करने के लिए शनिवार को यूनाइटेड साइकिल एंड पार्ट्स मैन्यूफैक्चरर्स एसोसिएशन के बैनर तले साइकिल उद्यमियों की बैठक हुई। इसमें सरकार से अपील की गई कि हरियाणा के हालात तुरंत सामान्य बनाने के प्रयास किए जाएं।
लुधियाना से उद्योग जगत का सारा माल देश के कोने कोने में जाता है। अधिकतर माल हरियाणा से होकर आगे निकलता है, लेकिन पिछले कुछ दिनों से आरक्षण की आग में जल रहे हरियाणा में सड़क और रेल यातायात ठप है। ऐसे में उद्यमी अपना माल नहीं भेज पा रहे हैं।
एसोसिएशन के प्रधान चरणजीत सिंह विश्वकर्मा का कहना है कि आंदोलन के कारण पंजाब और जम्मू कश्मीर देश के अन्य राज्यों से कट गया है। हाईवे जाम होने के कारण ट्रांसपोर्टर माल नहीं ले रहे हैं। इंडस्ट्री के पास कच्चा माल नहीं पहुंच पा रहा है, इससे उत्पादन प्रभावित हो रहा है। कच्चे माल की किल्लत हो रही है। उद्यमियों को मजबूरी में अपनी प्रोडक्शन कम करनी पड़ रही है। ऐसे में लेबर और अन्य खर्च उद्यमियों पर पड़ रहे हैं।
इस हालात में उद्यमियों को करोड़ों रुपये का नुकसान हो रहा है। बैंक के ब्याज पड़ रहे हैं। पहले ही मंदी की मार झेल रहे उद्योगों के लिए वक्त और मुश्किल हो गया है। सरकार को भी करोड़ों रुपये के राजस्व का नुकसान हो रहा है। उद्यमियों ने शीघ्र ही स्थिति सामान्य करने की अपील की है। बैठक में गुरमीत सिंह, इंद्रजीत सिंह, हरजीत सिंह, राजिंदर सिंह, सतनाम सिंह, अच्छरू राम और बंटी मल्होत्रा समेत कई उद्यमी मौजूद रहे।