अमर उजाला ब्यूरो
लुधियाना। शेलर मालिक से एफसीआई के मुल्लापुर दाखा गोदाम में चावल स्टॉक करवाने की एवज में 50 हजार रुपये की रिश्वत में मामले में नया खुलासा हुआ है। सीबीआई की ओर से कराई गई वीडियो रिकार्डिंग से पता चला है कि आरोपी क्वालिटी चेक मैनेजर प्रेम कुमार शिकायतकर्ता से पहले ही 50 हजार रुपये ले चुका था। अब दोबारा 50 हजार रुपये की मांग कर रहा था।
सीबीआई की टीम ने प्रेम कुमार और टीए राजकरण को पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है। इनके खिलाफ सीबीआई ने मामला दर्ज कर लिया है। दोनों आरोपी रिमांड पर चल रहे है, जिसके कुछ नए खुलासा होने की उम्मीद है। एफआईआर के अनुसार गांव हेरा निवासी भवनदीप सिंह ने सीबीआई को शिकायत दी थी कि एफसीआई के मुल्लापुर दाखा गोदाम में चावल लगाने की एवज में 50 हजार रुपये रिश्वत की मांग की जा रही है। सीबीआई की टीम 12 फरवरी मुल्लापुर दाखा पहुंच गई। टीम अपने साथ डीवीआर, एक स्पाई कैमरा, चार मेमोरी कार्ड लेकर पहुंची।
दोपहर दो बजे सीबीआई की टीम शिकायतकर्ता भवनदीप सिंह से मिली। शिकायतकर्ता के अनुसार 11 फरवरी को उसने दो ट्रक चावल के गोदाम में भेजे थे। क्वालिटी चेक मैनेजर ने उनके सैंपल नहीं लिए, पहले 50 हजार रुपये की मांग रखी। इससे पहले दिसंबर 2020 से लेकर 12 फरवरी तक 38 ट्रक भेज चुके है।
राजकरण टीए उनके मुंशी से आठ फरवरी को 50 हजार रुपये ले लिए थे, यह पैसा आरोपी प्रेम कुमार के कहने पर लिए गए थे। अब उससे दोबारा 50 हजार रुपये देेने की मांग की जा रही है। पूरे प्लान के अनुसार सीबीआई ने शिकायतकर्ता को स्पाई कैमरा के साथ मैनेजर प्रेम कुमार के पास भेजा। इसमें उनकी पूरी बातचीत रिकॉर्ड की गई।
वीडियो रिकॉर्डिंग में एक प्रधान जी का नाम
वीडियों रिकार्डिंग में शिकायतकर्ता और आरोपी मैनेजर के बीच बातचीत में इस साल रेट को लेकर बात भी होती है। इसमें शिकायतकर्ता पूछता है कि इस बार क्या रेट होगा 32 सौ या 33 सौ रुपये प्रति ट्रक। इस पर मैनेजर साफ कहा कि इस बार 3600 रुपये लगेंगे, इसमें 100 रुपये कम हो जाएगा। पिछली बार आपने 35 सौ रुपये के हिसाब से दिए थे। इस बार प्रधान जी ने कहा कि 100 सौ रुपये और बढ़ाकर 3600 करने है। शिकायतकर्ता कहता है कि पचास हजार रुपये मैने राजकरन को दे दिए थे। मैनेजर साफ कहता है कि हां वो आ गया था।