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फ्री होगा पंजाब का सबसे महंगा टोल प्लाजा: किसान संगठनों ने दी चेतावनी, सरकार के साथ आर-पार की लड़ाई

Fri, 23 Jan 2026 06:22 PM IST
अंकेश ठाकुर संवाद न्यूज एजेंसी, लुधियाना (पंजाब)

सार

पंजाब का सबसे महंगा लुधियाना का लाडोवाल टोल प्लाजा पर किसानों ने धरना देकर फ्री करवाने की चेतावनी दी है। किसान संगठनों ने सरकार के साथ सीधे तौर पर आर-पार की लड़ाई का भी एलान किया है। 
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लाडोवाल टोल प्लाजा - फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
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पंजाब के किसान संगठन एक बार फिर पंजाब के सबसे महंगे टोल प्लाजा लाडोवाल एक बार फिर 26 जनवरी को अनिश्चितकाल के लिए फ्री करेंगे। 26 जनवरी 11 बजे किसान लाडोवाल टोल प्लाजा पर एकत्रित होंगे और 12 बजे से टोल प्लाजा फ्री करेंगे। 

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इस बार किसान संगठनों की मांग है कि गांव ससराली में बाढ़ के दौरान टूटे बांध को रिपेयर किया जाए और राहों रोड को तैयार करवाया जाए, ताकि आने-जाने में कोई परेशानी न हो। हालांकि भारतीय किसान मजदूर यूनियन के सदस्यों के साथ साथ कई संगठन ससराली कॉलोनी में स्थित धुस्सी बांध को रिपेयर करने के लिए संघर्ष कर रहे हैं और कई बार प्रशासन के साथ मीटिंग हो चुकी है। इसके बावजूद अभी तक कोई हल नहीं निकला। अब किसान संगठन सरकार के साथ सीधे आर पार की लड़ाई को तैयार हो चुके है। 

किसान संगठनों ने एलान कर दिया है कि अगर सरकार ने बातचीत के दौरान कोई हल निकाला तो ठीक, नहीं तो किसी भी हालात में टोल प्लाजा नहीं चलने दिया जाएगा। अगर इस दौरान कुछ होता है तो उसकी जिम्मेदारी सरकार और लुधियाना प्रशासन की होगी। 
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किसान नेता दिलबाग सिंह ने बताया कि ससराली में धुस्सी बांध बनाने की मांग को लेकर ग्रामीण करीब एक महीने से धरने पर बैठे हैं। कुछ दिन पहले ग्रामीणों ने डीसी दफ्तर का घेराव भी किया था। तब प्रशासन ने कहा था कि जल्दी ही काम शुरू करवा देंगे लेकिन अभी तक कुछ नहीं हुआ। बांध का निर्माण करने में कम से चार से पांच महीने लग जाएंगे। अगर प्रशासन ने अभी काम शुरू नहीं किया तो इस साल बरसात में लुधियाना बाढ़ की चपेट में आ जाएगा। 

उन्होंने कहा कि बार- बार कहने पर भी प्रशासन ने बात नहीं मानी तो उन्हें टोल प्लाजा फ्री करने का फैसला लेना पड़ा। पंजाब सरकार और जिला प्रशासन ग्रामीणों की मांगों को लेकर गंभीर नहीं है। राहों रोड के निर्माण को लेकर सरकार और प्रशासन गंभीर नहीं है। दो साल से राहों रोड के निर्माण के लिए सरकार से डिमांड कर रहे हैं पर सरकार इस पर ध्यान नहीं दे रही है। 

दिलबाग सिंह व अन्य नेताओं ने कहा कि धुस्सी बांध के आसपास हो रही अवैध माइनिंग के कारण ही पिछले साल लुधियाना जिले को भारी नुकसान झेलना पड़ रहा है और अभी भी सतलुज में अवैध माइनिंग चल रही है। इसका खामियाजा अगले बरसात में फिर से झेलना पड़ेगा। अवैध माइनिंग को लेकर भी कई बार शिकायत दे चुके हैं।

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