इंसाफ न मिलने से नाराज तलवंडी कलां के किसान जसविंदर सिंह ने एक्सईएन अड्डा दाखा अमरजीत सिंह गरेवाल के दफ्तर के बाहर खुद पर डीजल डाल आग लगाने की कोशिश की। हालांकि पुलिस ने उसे वक्त रहते रोक लिया। पीड़ित ने बिजली विभाग के एक जेई पर नाजायज तौर पर परेशान करने का आरोप लगाया है। बाद में पीड़ित को चेतावनी देकर छोड़ दिया गया।
पीड़ित जसविंदर सिंह ने एक्सईएन अमरजीत सिंह गरेवावल और एएसआई शाम सिंह के सामने बताया कि 27 दिसंबर 2014 को जेई जसविंदर सिंह ने उससे कहा था कि वह घरेलू बिजली कनेक्शन कटवा दे। वह चौबीस घंटे के दौरान उसे नया कनेक्शन लगवा देगा। उसने जेई की बात मान कनेक्शन कटवा दिया और नए कनेक्शन के लिए सिक्योरिटी राशि बिजली दफ्तर में जमा करवा दी।
जल्द कनेक्शन देने का लालच देते हुए जेई ने उससे रिश्वत भी ले ली, लेकिन उसके बाद भी नया कनेक्शन नहीं लगाया। किसान ने कहा कि इसके बाद जेई ने उस पर बिजली चोरी कर मोटर चलाने का केस बना कर जुर्माना करवा दिया। उसने जुर्माना माफ करवाने के लिए उच्चाधिकारियों से संपर्क किया।
जसविंदर सिंह ने जेई पर आरोप लगाए कि जेई नेताओं के साथ मिल उसे जान बूझ कर परेशान कर रहा है। कोई भी अधिकारी उसकी सुनवाई नहीं कर रहा। उसने कहा कि अब तीस जुलाई को फिर नाजायज बिजली चोरी करने का आरोप लगाया गया। वह जेई से परेशान होकर खुद को आग के हवाले करने के लिए एक्सईएन के दफ्तर आया था।
एक्सईएन अमरजीत सिंह गरेवाल ने कहा कि किसान जसविंदर सिंह की तरफ से जेई पर लगाए आरोप बेबुनियाद हैं। उक्त किसान की तरफ से कई बार बिजली चोरी की गई है। जिसे जेई ने ही काबू कर जुर्माना किया है। किसान बिजली चोरी का आधा जुर्माना जमा भी करवा चुका है।