दिवाली की रात ललकार कर लड़ाई के लिए बुलाया था
एक नवंबर की रात रायकोट स्थित किसान जत्थेबंदी के दफ्तर में दानवीर सिंह चीना उर्फ डीसी नूरपुरा ने अमना पंडोरी के सर में गोली मारी थी। शिकायतकर्ता हरदीप सिंह के अनुसार पहली गोली मिस कर गई थी जिसके बाद जस्सी ढट्ट ने डीसी नूरपुरा को उकसाया कि सर में गोली मार। जस्सी ढट्ट के कहने पर डीसी नूरपुरा ने अमना पंडोरी के सर में गोली मार दी और उसकी मौके पर मौत हो गई
थाना सिटी रायकोट में अमना पंडोरी के भाई हरदीप सिंह पंडोरी के बयान पर पुलिस ने डीसी नूरपुरा व जसप्रीत सिंह उर्फ जस्सी ढट्ट के खिलाफ मामला दर्ज किया था। पुलिस ने जस्सी ढट्ट और डीसी नूरपुरा की पूछताछ के बाद मुकदमे में गग्गी, राजा, बूटा सिंह व जश्न को भी नामजद कर दिया था।
एसएसपी नवनीत सिंह बैंस खुद मानिटरिंग कर रहे थे और पकडे़ गए आरोपियों डीसी नूरपुरा व जस्सी ढट्ट से बकायदा रायकोट की जगह सीआईए स्टाफ में पूछताछ की गई थी।
ये था सारा विवाद
अमनदीप सिंह उर्फ अमना पंडोरी ने गांव तंलवडी राय की रहने वाली गगनदीप कौर के साथ प्रेम विवाह किया गया था। दोनों का विवाह करवाने में सबसे ज्यादा मदद डीसी नूरपूरा ने ही की थी। पहले प्रेम विवाह करवाने वाले डीसी नूरपुरा ने ही बाद में अमना का घर तोड़ने की कोशिश की और इंग्लैंड गई अमना की पत्नी गगनदीप कौर को भड़काने लगा। डीसी नूरपूरा ने गगनदीप कौर को बताया कि अमना के पास कोई घर,जमीन या जायदाद नहीं है और उसने अपनी जाति छुपाकर प्रेम विवाह करवाया है। गगनदीप कौर की और से सारी बात अपने पति अमना पंडोरी को बताने के बाद विवाद शुरू हुआ और इसका दर्दनाक अंत अमना के कत्ल से हुआ।
एसपी (डी) परमिंदर सिंह हीर ने जस्सी ढट्ट की जमानत पर हैरानी जताते हुए कहा कि इसकी जांच होगी। जांच में किसी भी पुलिस अधिकारी की लापरवाही या मिलीभगत सामने आती है तो हर हाल में कार्रवाई होगी।