पंजाब पुलिस की एक कर्मचारी ने अपने सहकर्मी साथी के साथ मिलकर अपने पति को स्कॉर्पियो कार से कुचलने की कोशिश की। पति की शिकायत पर थाना दाखा में महिला पुलिसकर्मी और उसके साथी के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। दोनों फरार हैं। महिला का साथी तरनजीत सिंह भी पंजाब पुलिस का सिपाही है।
अस्पताल में इलाज करवा रहे परमिंदर सिंह ने बताया कि वह बिजली विभाग के सराभा नगर लुधियाना में लाइनमैन है। उसने अपनी पत्नी करमजीत कौर को किसी अन्य व्यक्ति के साथ स्कार्पियो में जाते देखा, तो बाइक पर लुधियाना से मुल्लांपुर तक उनका पीछा किया। जब उसने दोनों को रुकवाकर पूछताछ करने की कोशिश की तो पत्नी ने स्कार्पियो उसके ऊपर चढ़ा दी और फरार हो गई। परमिंदर सिंह ने कहा कि दाखा पुलिस ने एफआईआर तो दर्ज की, लेकिन अपने मुलाजिमों को बचाने के लिये बयान को तोड़-मरोड़ कर लिख लिया है।
उन्होंने कहा कि एफआईआर में जांच अधिकारी के अनुसार, जब पत्नी ने उन्हें कार से टक्कर मारी, तो वे एक तरफ गिर गए और घायल हो गए। जबकि उनका बयान यह है कि उन्हें कार से कुचला गया और जान से मारने की कोशिश की। घटना का वीडियो भी रिकॉर्ड है जो पुलिस को सौंपा गया है। उन्होंने कहा कि उनकी पत्नी और उसका साथी दोनों पंजाब पुलिस में हैं, इसलिए पंजाब पुलिस उन्हें संरक्षण दे रही है। उन्होंने बताया कि एक व्यक्ति और उसका साथी, जो खुद को तरनजीत सिंह का चाचा बता रहे थे, अस्पताल आए और जान से मारने की धमकी देकर गए हैं।
परमिंदर सिंह ने आरोप लगाया है कि उसकी पत्नी करमजीत कौर और तरनजीत सिंह में नाजायज संबंध हैं और इसी वजह से उनका विवाद चल रहा है। अस्पताल में मौजूद परमिंदर की मां सुरजीत कौर ने कहा कि उनकी बहू के साथ लंबे समय से विवाद चल रहा है और वो अपने माता-पिता के साथ रहती थी। उन्होंने अपनी बहू पर अनुचित व्यवहार का भी आरोप लगाया।
पीएसईबी कर्मचारी संघ एटक के राज्य उप महासचिव रशपाल सिंह पाली, लुधियाना जोन के नेता गुरप्रीत सिंह, आकाशदीप शर्मा और रमन धीमान ने इस पूरे मामले की निंदा करते हुए कहा कि काफी मशक्कत के बाद एफआईआर दर्ज की गई है। उन्होंने थाना प्रभारी कुलजिंदर सिंह ग्रेवाल से मुलाकात की और आरोपियों के खिलाफ धाराओं में इजाफा और तत्काल गिरफ्तारी की मांग की है ।उन्होंने बताया कि वे लुधियाना में डीआईजी से मुलाकात भी करेंगे।
थाना दाखा के प्रभारी इंस्पेक्टर कुलजिंदर सिंह ग्रेवाल ने कहा कि दोनों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस पर कोई दबाव नहीं है और बिना भेदभाव जांच की जा रही है। आरोपी कोई भी हो बख्शा नहीं जाएगा। उन्हें जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा।