थाना सुधार की पुलिस द्वारा पकड़ा गया लुटेरा गिरोह का एक सदस्य पुलिस मुलाजिमों को धक्का देकर वीरवार रात थाने की 15 फुट ऊंची छत से कूदकर फरार हो गया। जिन मुलाजिमों की गिरफ्त से आरोपी फरार हुआ उन्होंने इसकी जानकारी अपने अधिकारियों को नहीं दी और अपने तौर पर ही उसे ढूंढने में लगे रहे। जब वह काबू में नहीं आया तो थाना सुधार के एसएचओ ने इसकी जानकारी आलाधिकारियों को दी। सूचना मिलने के बाद कई थानों की पुलिस थाना सुधार पहुंची और पूरे इलाके को छावनी में तबदील कर दिया लेकिन आरोपी बलवंत सिंह पुलिस गिरफ्त में नहीं आया।
शुक्रवार को एसएसपी जगरांव रवचरण सिंह बराड़ ने ड्यूटी में कोताही बरतने के आरोप में और उच्चाधिकारियों को गंभीर मसले की जानकारी देरी से देने के आरोप में थाना सुधार के एसएचओ विक्रमजीत सिंह को तुरंत प्रभाव से सस्पेंड कर दिया।
जानकारी के अनुसार बलवंत सिंह और हरप्रीत सिंह हैप्पी को लूट के मामले में वीरवार शाम को गिरफ्तार किया गया था। देर रात को जगरांव सीआईए स्टाफ की टीम आरोपियों से पूछताछ करने के लिए पहुंची। आरोपी बलवंत सिंह ने पुलिस से बाथरूम जाने की बात कही। पुलिस वाले उसे छत पर लेकर गए तो उसने मुलाजिमों को धक्का दिया और 15 फुट की छत से सड़क पर कूद गया।
आरोपी बलवंत सिंह के पुलिस हिरासत से फरार होने की जानकारी एसएसपी जगरांव रवचरण सिंह बराड़ को काफी समय बाद मिली। हिरासत से आरोपी के फरार होने और अधिकारियों को समय पर इसकी सूचना न देने के आरोप में एसएसपी ने एसएचओ सुधार विक्रमजीत सिंह को सस्पेंड कर दिया है। फरार चल रहे आरोपी की तलाश में पुलिस ने उसके घर पर भी दबिश की, लेकिन वह हाथ नहीं आया।
जहां से कलेक्शन की थी वहीं के मुलाजिम ने आरोपियों को बताया
बलवंत सिंह और हैप्पी वीरवार को एक युवक सन्नी से दो लाख रुपये लूटने के मामले में पकड़े गए थे। पुलिस जांच में सामने आया है कि पीड़ित सन्नी ने जगरांव की जिस फर्म से पैसे कलेक्ट किए थे वहां के मुलाजिम को पता था कि सन्नी किस रूट से लुधियाना वापस जाएगा। उसने ही आरोपियों को इसकी जानकारी दी। आरोपियों ने सन्नी से पैसे लूटकर मुलाजिम को 15 हजार रुपये देने थे। पुलिस ने जांच के दौरान उक्त फर्म के मुलाजिम को हिरासत में ले लिया है।