पिछले काफी समय से नशे की गिरफ्त में था जसबीर सिंह
बुधवार को अधिक नशा करने से हुई थी मौत, बड़े भाई की हालत में सुधार
तीन डाक्टरों के बोर्ड ने किया जसबीर के शव का पोस्टमार्टम
अमर उजाला ब्यूरो
लुधियाना। बापू मार्केट में रहने वाला जसबीर सिंह पिछले काफी समय से नशा करने का आदी था। इस बात का खुलासा वीरवार को जसबीर सिंह के पोस्टमार्टम के दौरान हुआ। पोस्टमार्टम में पता चला कि जसबीर के बाजू पर इंजेक्शन लगाए जाने के निशान हैं, जिससे आशंका यह है कि वह काफी समय से नशे की गिरफ्त में था। वीरवार को सिविल अस्पताल में डॉ. गुरप्रकाश भिंडर, डॉ. दविंदर कुमार और डॉ. सविता शुक्ला की अगुवाई में तीन डॉक्टरों के बोर्ड ने जसवीर सिंह के शव का पोस्टमार्टम किया। पोस्टमार्टम के दौरान उसकी दोनों बाजूओं पर टीके लगाए जाने के निशान है। इससे आशंका है कि वह पिछले काफी समय से खुद को नशे के इंजेक्शन लगा रहा था। डॉक्टरों ने जसवीर का विसरा निकालकर पटियाला और खरड़ की लैब में भी जांच के लिए भेजा है। पोस्टमार्टम के बाद जसबीर का शव वारिसों के हवाले कर दिया गया है। जसबीर के भाई जोगा सिंह की हालत खतरे से बाहर है।
थाना डाबा के इंचार्ज सब इंस्पेक्टर पवितर सिंह ने बताया कि पुलिस ने जसबीर के पिता की शिकायत पर बरोटा रोड स्थित बसंत नगर निवासी पप्पी सिंह उर्फ सुक्खा के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज कर लिया है। जसबीर के पिता करतार सिंह ने बताया कि आरोपी पप्पी उसके बेटों के साथ ही शटरिंग का काम करता है। आरोपी पप्पी ने उसके बेटों को नशे के दलदल में धकेला है। तीन जुलाई को जसबीर पप्पी के घर गया था। उसके बाद पप्पी जसबीर के घर आया और उसके बड़े भाई जग्गा सिंह को अपने साथ ले गया। दोनों बेटों के काफी समय तक घर न पहुंचने पर करतार सिंह दोनों को ढूंढते हुए पप्पी के घर पहुंचे। वहां जसबीर सिंह बेसुध पड़ा हुआ था और उसके मुंह से झाग निकल रही थी। वह उसे अपने घर ले जा रहे थे तो जसबीर की मौत हो गई। सब इंस्पेक्टर पवितर सिंह ने बताया कि जोगा सिंह की हालत तो ठीक है। आरोपी पप्पी अभी पुलिस गिरफ्त से बाहर है। उसकी तलाश में छापामारी की जा रही है।