संवाद न्यूज एजेंसी
हलवारा। पंजाब में निर्माण मजदूरों के लिए चल रही कल्याणकारी योजनाओं की राशि रोके जाने के विरोध में भारत निर्माण मिस्त्री मजदूर यूनियन (सीटू) ने प्रदेश सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। यूनियन ने चेतावनी दी है कि यदि लंबित लाभ तत्काल जारी नहीं किए गए तो पूरे पंजाब में आंदोलन शुरू किया जाएगा।
यूनियन नेताओं ने कहा कि बिल्डिंग एंड अदर कंस्ट्रक्शन वर्कर्स वेलफेयर बोर्ड (बीओसीडब्ल्यू बोर्ड) में पंजीकृत लाखों मजदूरों को मिलने वाली राशि में देरी से गरीब परिवारों को गंभीर संकट हो रहा है। उन्होंने सरकार पर मजदूरों के अधिकार की राशि रोककर विश्वासघात करने का आरोप लगाया। जून 2026 तक, बीओसीडब्ल्यू बोर्ड में 11.56 लाख निर्माण श्रमिक पंजीकृत थे और 6.42 लाख से अधिक आवेदन प्रोसेस किए जा चुके थे। श्रम नीति के जानकार डॉ. प्यारा लाल गर्ग ने कहा कि स्वीकृत लाभ के भुगतान के लिए निश्चित समयसीमा तय होनी चाहिए। उन्होंने आवेदन की स्थिति ऑनलाइन सार्वजनिक करने का सुझाव दिया। सरकार को योजना-वार और जिलेवार लंबित भुगतान का सार्वजनिक आंकड़ा जारी करना चाहिए।