लुधियाना। थाना डेहलों की पुलिस ने चार पहिया वाहन चोरी करने वाले गिरोह के दो सदस्यों को गिरफ्तार किया है। इसमें से एक आरोपी कैट का पूर्व मुलाजिम है, जो गिरोह का सरगना था। जबकि गिरोह के दो साथी अभी फरार चल रहे है। आरोपियों के कब्जे से पुलिस ने एक कार और एक काट कर रखी कार बरामद की। पुलिस ने इस मामले में गुनिंदर सिंह उर्फ गोनी, न्यू सूर्य विहार निवासी धमेंद्र सिंह के खिलाफ मामला दर्ज किया है। पुलिस ने आरोपियों को अदालत में पेश किया। जहां से उन्हें दो दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया है। पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर अमृतपाल सिंह उर्फ अमृत और साहनेवाल निवासी दलविंदर सिंह उर्फ बिक्का की तलाश में जुटी है।
ज्वाइंट कमिश्नर ऑफ पुलिस डॉ. सचिन गुप्ता ने बताया कि थाना डेहलों के इंचार्ज इंस्पेक्टर सुखदेव सिंह की अगवाई में पुलिस पार्टी ने इलाके में तीन दिन पहले नाकाबंदी कर रखी थी। गांव अजनोद के पास नाकाबंदी के दौरान पुलिस को गुप्त सूचना मिली कि आरोपी वाहन चोरी की वारदातों को अंजाम देते है। पुलिस ने आरोपी गोनी को गिरफ्तार कर लिया। तलाशी के दौरान उसके कब्जे से चोरी की कार बरामद हुई है। पुलिस से पूछताछ के दौरान पता चला कि आरोपी चोरी की वारदात को अंजाम देकर उसे सस्ते भाव में बेच देते है। आरोपी चोरी की कार को कबाड़ी धर्मेंद्र सिंह को बेच देते थे। पुलिस ने छापामारी कर आरोपी के गोदाम से कटी हुई कार बरामद की। जो आरोपियों ने कटर से काट कर बेच दी थी। पूछताछ के दौरान आरोपियों के कब्जे से एक कार हांडा सिटी, जाली नंबर लगी एक्टिवा, दो मोटरसाइकिल, कार, बलैरो कैंप और जैन कार बरामद की है।
आरोपी गोनी पर पहले भी है कई मामले दर्ज
ज्वाइंट सीपी ने बताया कि आरोपी गोनी गिरोह का सरगना है। रैकी करने के बाद आरोपी वाहन चोरी की वारदात को अंजाम दे देते थे और पहले कार बेचने की कोशिश करते थे। अगर चोरी की कार सीधे बिक जाए तो ठीक नहीं तो आरोपी उसे कटर से काट कर उसे पार्ट के तौर पर बेच देते थे। सभी आरोपी मिल कर वारदातों को अंजाम देते थे। आरोपी गोनी के खिलाफ पहले भी कई मामले दर्ज है। उसके खिलाफ हत्या सहित चोरी के करीब सात मामले दर्ज है। इसके अलावा फरार चल रहे दलविंदर के खिलाफ 17 मामले, अमृतपाल के खिलाफ तीन मामले दर्ज है। आरोपियों से पूछताछ की जा रही है।