संवाद न्यूज एजेंसी
लुधियाना। गांव संगोवाल के पास जसपाल बांगड़ पुली पर दशहरा पर्व पर पिटाई कर नहर में फेंके गुरविंदर सिंह उर्फ मनी का शव दो दिन बाद सिधवां नहर से मिला। थाना साहनेवाल की पुलिस ने गोताखोरों की मदद से शव बाहर निकाला और पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
डॉक्टरों के बोर्ड ने शनिवार सुबह मनी के शव का पोस्टमार्टम किया। रिपोर्ट से पता चला है कि मनी की मौत डूबने से हुई है। उसके सिर, पीठ व सीने पर चोट के निशान हैं। पुलिस ने इस मामले में विजय कुमार, राम बाबू और अक्षय कुमार को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि इनका एक साथी अभी अस्पताल में है। पुलिस ने केस में हत्या की धारा भी जोड़ दी है। आरोपियों से लगातार पूछताछ जारी है।
दरअसल, गुरविंदर सिंह मनी अपने भाई रुपिंदर सिंह और दोस्त के साथ बाइक पर किसी काम से जा रहा था। रास्ते में आरोपियों ने उन्हें लुटेरा समझ कर उन्हें पीटना शुरू कर दिया। रुपिंदर और उसका दोस्त तो जान बचा कर भाग निकले लेकिन आरोपियों ने मनी की पिटाई कर उसे उसे नहर में धक्का दे दिया। नहर में गिराने के बाद उस पर ईंट-पत्थर से हमला किया। उसके सिर में ईंट लगी और वह डूब गया। वहीं, मनी के परिवार वालों का आरोप है कि हमला करने वाले दस से 12 लोग थे लेकिन पुलिस ने चार आरोपियों के खिलाफ ही मामला दर्ज किया है। थाना साहनेवाल के एसएचओ इंस्पेक्टर गुरमुख सिंह ने बताया कि परिवार वालों के आरोपों की जांच की जा रही है।