बरनाला। अनाज मंडी बरनाला की झुग्गी झोंपड़ी में रहने वाले लोगों ने पुलिस पर डंडे बरसाने का आरोप लगाते हुए रविवार को थाना सिटी 1 के समक्ष जमकर प्रदर्शन किया। उन्होंने आरोप लगाया है कि वह कुछ नशेड़ी युवकों से परेशान हैं। पुलिस को शिकायतें देने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं हो रही। अब उलटा थाना सिटी 1 पुलिस के ही कुछ कर्मचारियों ने बस्ती की महिलाओं के अलावा पुरुषों से जमकर मारपीट की है। पुलिस की पिटाई के विरोध में ही उन्होंने थाना सिटी-वन बरनाला के गेट पर रोष धरना लगाया है और न्याय की मांग कर रहे हैं।
उन्होंने बताया कि पुलिस की मारपीट से दो युवक गंभीर रूप से घायल हो गए हैं, जिनमें एक सिविल अस्पताल बरनाला में भर्ती है। दूसरे को राजिंदरा अस्पताल पटियाला रेफर किया गया है। झुग्गी झोंपड़ी में रहने वाले छोटी कौर, सनी कुमार और अन्य ने बताया कि कुछ युवक उनके झुग्गी झोंपड़ियों के पास आकर काटन यार्ड में मेडिकल नशा करते हैं। नशे की हालत में वह उनकी झुग्गी झोंपड़ी में महिलाओं के साथ अश्लील हरकतें करते हैं और पैसे तक छीनकर ले जाते हैं। पुलिस को इसकी सूचना देने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं हो रही है।
विगत दिनों महिलाओं के साथ छेड़छाड़ करने वाले दो युवकों को उन्होंने काबू कर पुलिस को सूचित किया, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। पुलिस ने आरोपी युवकों को तो छोड़ दिया और उनको बेरहमी से पीटना शुरू कर दिया। पुलिस की पिटाई से घायल युवक पाडुविन सिंह सिविल अस्पताल में भर्ती है, जबकि किशन कुमार राजस्थानी को पटियाला के राजिंदरा अस्पताल में रेफर किया गया है। पीड़ितों ने आरोप लगाया कि पुलिस ने गुंडा तत्वों के खिलाफ कार्रवाई करने के बजाय शनिवार रात पीड़ित परिवार के 11 सदस्यों को पीटा और रात को ही थाने ले जाकर बंद कर दिया। वहां ले जाकर भी उन पर अत्याचार किया गया।
शनिवार रात को भी नशेड़ी युवकों ने किया था हमला, पुलिस ने नहीं की कार्रवाई
पीड़ितों ने बताया कि 19 मार्च को रात करीब नौ बजे भी 15 के करीब नशेड़ियों ने झुग्गी झोंपड़ी में आकर हमला कर दिया। झोंपड़ी में रहने वाले सनी ने कहा कि उसने और उसके पिता ने हमलावरों को समझाकर मामले को सुलझाने की कोशिश की, लेकिन हमलावर झुग्गियों में सो रही महिलाओं से छेड़छाड़ और जबरदस्ती करने लगे। नाराज लोगों ने एकत्रित होकर दो युवकों को काबू करके पुलिस को सूचित किया। पुलिस ने आरोपियों को छोड़ दिया और मुंह बंद रखने के लिए बेरहमी से पीटा। पुलिस की पिटाई से घायल युवक पाडुविन सिविल अस्पताल में भर्ती है, जबकि किशन राजस्थानी को पटियाला के राजिदरा अस्पताल में रेफर कर दिया गया है। पीड़ित परिवार के 11 सदस्यों को पीटा गया और रात को ही थाने ले जाकर बंद कर दिया। थाने में भी अत्याचार किया। महिला बिमलेश रानी, बबीता, पिटू और किशोरी ने कहा कि पुलिस की पिटाई का विरोध किया तो पुलिस ने उन्हें भी जानवरों की तरह पीटा।
पुलिस कर्मी भी जख्मी
सिविल अस्पताल में भर्ती एएसआई सुखमिदर सिंह ने बताया कि वह नाइट ड्यूटी अधिकारी थे। उन्हें सूचना मिली कि सब्जी मंडी के पास झुग्गियों के पास मारपीट हो रही है। पीसीआर व अन्य पुलिस दल मौके पर पहुंचा तो वहां जमा लोगों ने पुलिस पार्टी की गाड़ी को घेर लिया और हमला कर दिया, जिसमें वह भी घायल हो गए। जबकि डीएसपी सिटी राजेश स्नेही ने कहा कि इस मामले की गंभीरता से जांच कर रहे हैं। जांच में जो भी आरोपी पाया गया उस पर कठोर कार्रवाई की जाएगी।
बरनाला पुलिस ने झुग्गी झोंपड़ी वालों पर किया मामला दर्ज
वहीं बरनाला पुलिस ने झुग्गी झोंपड़ी वालों के परिवारों के युवकों के खिलाफ ही केस दर्ज कर उनकी धरपकड़ शुरू कर दी है। डीएसपी राजेश स्नेही ने बताया कि जब सूचना मिलने पर पुलिस वहां पहुंची तो झुग्गी झोंपड़ी में रहने वाले युवकों ने उनके थानेदार सुखविंदर सिंह को पीट पीटकर जख्मी कर दिया और वर्दी फाड़ डाली। उन्होंने बताया कि जख्मी थानेदार सुखविंदर सिंह के बयान पर झुग्गी झोंपड़ी वालों के हमलावर युवकों गंगा राम, उद्यविंद, अखिलेशविंद सहित 10-12 अज्ञात के खिलाफ मामला शुरू कर उनकी तलाश शुरू कर दी है।