स्कूल चेयरमैन के खिलाफ टीचरों का प्रदर्शन
स्कूल में हिंदू-देवी देवताओं की बेअदबी करने का आरोप
पुलिस से शिकायत, डीसी को मांगपत्र सौंप मांगी कार्रवाई
अमर उजाला ब्यूरो
मंडी गोबिंदगढ़। अमलोह के गांव जलालपुर स्थित सेक्रट हार्ट स्कूल अध्यापकों ने चेयरमैन के खिलाफ तीखा संघर्ष शुरू किया है। प्रिंसिपल जय गोपाल जिंदल और कनवीनर दिव्या मेहता के नेतृत्व में अध्यापकों ने चेयरमैन के खिलाफ नारेबाजी की उपरांत डिप्टी कमिश्नर शिव दुलार सिंह को चेयरमैन खिलाफ शिकायत भी सौंपी। स्कूल प्रबंधन पर हिंदू देवी-देवताओं की फोटो कूड़ेदान में फेंकने और टीचरों से क्लास रूम में खराब बर्ताव करने के संगीन आरोप हैं।
प्रिंसिपल जिंदल और मेहता ने बताया कि चेयरमैन और वाइस प्रधान और वाइस चेयरपर्सन उन्हें कथित तौर पर मानसिक परेशानी दे रहे हैं। वेतन देने में समय पर दस्तखत नहीं करते और उन्हें क्लास रूम में बच्चों के सामने अपमानित किया जाता है। उनसे बेबुनियाद वाले सवाल पूछे जाते हैं। हर शुक्रवार को स्कूल में ईसाई धर्म से संबंधित प्रार्थना होती है। जब कोई टीचर या स्टाफ अपनी मुश्किल लेकर चेयरमैन के पास जाता है तो उसे अपमानित किया जाता है।
इन्होंने बताया हिंदू देवी-देवताओं की बेअदबी करने के मामले में स्कूल प्रबंधक खिलाफ शिवसेना पंजाब के कार्यकर्ताओं ने स्कूल के खिलाफ शिकायत की गई है। कार्रवाई न होने पर वह स्कूल के खिलाफ संघर्ष की चेतावनी भी दी है। प्रबंधन पर यह भी आरोप है कि स्कूल में किसी भी धार्मिक समारोह पर तैयार किए गए देवी-देवताओं के चित्र समारोह समापन के बाद कूड़ेदान में फेंके जा रहे हैं। उन्होंने मौके पर हिंदू धर्म के देवी-देवताओं की फोटो कूड़ेदान से बाहर निकालकर दिखाईं। प्रिंसिपल जिंदल के नेतृत्व में एक वफद ने डिप्टी कमिशनर शिव दुलार सिंह को मांगपत्र दिया है। डीसी कार्रवाई का भरोसा दिया है।
क्या कहते हैं स्कूल चेयरमैन
स्कूल चेयरमैन जौज मैथ्यो कौटाराम और जैस्टिन कौटाराम के साथ बात की गई तो उन्होंने टीचरों के सभी आरोपों को सिरे से खारिज कर इसे झूठ और बेबुनियाद करार दिया है। साथ ही बताया माता पिता शिकायत करते थे कि बच्चे पढ़ाई में बहुत कमजोर हैं। इसलिए प्रिंसिपल समेत पूरेस्टाफ को बुलाकर इस बारे जरूरी दिशा निर्देश दिए गए थे। सितंबर में टेस्ट के बाद अभिभावकों ने शिकायत की थी कि बच्चों के नंबर कम आए हैं। हमने किसी भी टीचर के साथ बदसलूकी नहीं की और किसी भी टीचर को अपमानित भी नहीं किया गया। फिर भी पैदा हुए मतभेदों को बैठकर हल किया जाएगा।