सिटी बस ऑपरेटर वसूल रहा मनमाना किराया
बिना प्रशासनिक मंजूरी के 40 फीसदी अधिक किराये की हो रही वसूली
प्राइवेट आपरेटर लुधियाना में चला रहे पांच रूट पर सिटी बस, विभाग जांच में फंसा
अमर उजाला ब्यूरो
लुधियाना। महानगर में सिटी बस ऑपरेटर यात्रियों से मनमाना किराया वसूल रहा है। जबकि सिटी बस के मैनेजर अभी तक मामले की जांच में ही उलझे हुए हैं। उनकी जांच में भी यात्रियों से अधिक किराया वसूले जाने की पुष्टि हुई है, लेकिन अभी तक उन्होंने सिटी बस आपरेटरों पर कोई कार्रवाई नहीं की और न ही किराया कम करने के आदेश जारी किए। बता दें कि सात जून से लगातार सिटी बस ऑपरेटर बिना प्रशासन की मंजूरी के 40 फीसदी ज्यादा किराया वसूल रहे हैं। पांच रुपये वाली टिकट के सात रुपये लिए जा रहे हैं। उल्लेखनीय है कि किराए में बढ़ोतरी के लिए आए प्रस्ताव को प्रशासन ने सिटी बस बोर्ड ऑफ डायरेक्टर के पास भेजा था। जहां अभी किराए में बढ़ोतरी की बात तय नहीं हुई है। लेकिन सिटी बस चालकों ने सात जून से ही मनमानी शुरू कर दी है। लोगों का कहना है कि प्रशासन और सरकार नाम की चीज ही नहीं रह गई है।
आप जानते हैं कि ये वही बसें हैं जो पिछली यूपीए सरकार ने लुधियाना को केंद्र सरकार की स्कीम के तहत दी थी। इन बसों को होराइजन कनेक्ट ट्रांसवे नाम का प्राइवेट आपरेटर औद्योगिक शहर के पांच रूटों पर चला रहा है। उनका तर्क है कि पेट्रोल और डीजल रेट में लगातार बढ़ोतरी हो रही है। इसलिए आपरेटर ने बस के किराए में बढ़ोतरी के लिए प्रशासन को लिखा था। उन्होंने जयपुर दिल्ली के रूट से मिलान कर किराए की नई लिस्ट बनाकर प्रशासन को भेजी थी। जिस आधार पर पांच रुपये की टिकट को सात रुपये करने का प्रस्ताव था। लेकिन इस बारे में अभी तक प्रशासन की ओर से इस तरह की कोई सूचना जारी नहीं की गई है। किराये की नई रेट लिस्ट पास करने के लिए सिटी बस ने बोर्ड ऑफ डायरेक्टर को भेजी है, जिसमें कहा गया है कि सिटी बस का किराया तीन वर्षों से नहीं बढ़ा है। मौजूदा समय में सिटी बस का सफर प्रति यात्री एक रुपये प्रति किलोमीटर पड़ता है, इसे अब दो रुपये प्रति किलोमीटर करने का प्रस्ताव है।
मनमानी की रिपोर्ट प्रशासन को भेजी
लुधियाना सिटी बस सर्विस लिमिटेड के मैनेजर बलजीत सिंह का कहना है कि उनकी तरफ से अब तक जो पड़ताल की गई है उसके मुताबिक सामने आया है कि सिटी बस आपरेटर ने पांच रुपये की जगह सात रुपये किराया वसूली शुरू की है। यह पूरी तरह गलत है। इस बारे उन्होंने सिटी बस आपरेटर को कह दिया है। साथ ही इस बारे में प्रशासन को भी रिपोर्ट बनाकर भेज दी है।