सरकारी आदेशों को ठेंगा दिखा रहे अनाज मंडी के अधूरे प्रबंध
एक अक्टूबर के मंडियों में सुविधाएं मुहैया कराने के दावे साबित हो रहे खोखले
किसानों के लिए नहीं है किसी प्रकार की सुविधा, पेयजल की सुविधा नहीं
आसपास के खरीद केंद्रों की हालात भी दयनीय
अमर उजाला ब्यूरो
सुनाम ऊधम सिंह वाला (संगरूर)। प्रदेश सरकार की ओर से एक अक्तूबर से धान की खरीद करने के आदेश दिए गए हैं। लेकिन अनाज मंडी में धान खरीद के लिए किसी तरह के खास प्रबंध नजर नहीं आ रहे हैं। अनाज मंडी का दौरा किया तो कई जगहों पर सफाई की स्थिति नाजुक थी। गंदगी के ढेर मार्केट कमेटी की कारगुजारी पर सवाल उठाते दिख रहे हैं।किसानों के लिए अभी तक पेयजल के प्रबंध भी दिखाई नहीं दिए जबकि अस्थाई तौर पर लगाईजाने वाली लाइटें भी कहीं नहीं दिखीं। किसान आगू दरबारा सिंह, जसवंत सिंह, अमरीक सिंह ने कहा कि धान खरीद के प्रबंधों को लेकर संबंधित अधिकारी गंभीर नहीं हैं और किसानोंको मंडी में किसी तरह की सुविधा नहीं दी गई है। भाकियू एकता उगराहां के प्रदेश अध्यक्ष जोगिंदर सिंह उगराहां ने कहा कि अनाज मंडियों व खरीद केंद्रों में अभी तक किसी तरहके प्रबंध नहीं होना निचले स्तर पर लापरवाही होने के प्रमाण हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि तुरंत खरीद केंद्रों व मंडियों में पूरी सुविधाएं मुहैया नहीं कराई गई तो यूनियन इसके खिलाफ आवाज बुलंद करेगी। मार्केट कमेटी के सचिव अजीत सूद ने कहा कि सभी खरीद केंद्रों तथा अनाज मंडी में एक अक्टूबर से सुविधाएं उपलब्ध कराने के आदेश दिए गए हैं। मामले में किसी तरह की लापरवाही सहन नहीं की जाएगी और तुरंत ही प्रबंधों की समीक्षाकी जाएगी।
फोटो:02एसजीआरपी01: सुनाम की अनाज मंडी के नाजुक हालात बयां करती तस्वीरें।