कैदियों को जगाकर की चेकिंग
अचानक चेकिंग के लिए तड़के जेल पहुंचे पुलिस और जिला प्रशासनिक अधिकारी
मोबाइल, बीड़ी के बंडल, जर्दे की पुड़िया और एक कैदी से नकदी बरामद
अमर उजाला ब्यूरो
लुधियाना।
टारगेट कीलिंग जैसे हाईप्रोफाइल मामले में जेल के अंदर बैठे गैंगस्टर और तस्करों की ओर से मोबाइल के जरिये नशा सप्लाई जैसे गंभीर आरोप सामने आने के बाद पंजाब सरकार ने सख्त कदम उठाने शुरू कर दिए है। सोमवार की तड़के पुलिस और जिला प्रशासन ने जेल के अंदर सर्च अभियान चलाया। सो रहे हवालातियों और कैदियों को नींद से उठाकर उनकी तलाशी ली गई। चेकिंग में खोजी कुत्तों की टीम भी शामिल थी। करीब 3 घंटे चले अभियान में जेल के अंदर से 1 मोबाइल, 2 बीड़ी के बंडल, जर्दे की पुड़िया व अफीम और एक कैदी से 16 हजार 800 रुपये बरामद हुए। इस दौरान डीआईजी जेल लखविंदर सिंह जाखड़ भी जेल पहुंचे।
सोमवार की सुबह 6 बजे के करीब डिप्टी कमिश्नर ऑफ पुलिस अश्वनी कपूर, एडीसीपी 4 राजवीर सिंह, एडीसी जनरल इकबाल सिंह, नौ तहसीलदार, आठ एसीपी, 22 थानों के प्रभारी के साथ साथ कुल पांच सौ के करीब पुलिस मुलाजिमों की टीम जेल पहुंची। इस दौरान जेल अधिकारियों सहित जेल के मुलाजिम भी मौजूद रहे। अलग-अलग टीमें बनाई गई थी। सभी टीमें बैरकों की चेकिंग करने लगी।
इस दौरान वहां कैदियों और हवालातियों में भगदड़ मच गई। सभी किसी न किसी तरह बचने की कोशिश में रहे। सभी बैरक के कैदियों को बाहर निकाल लिया गया। उसके बैग और अन्य सामान की चेकिंग हुई। उसके अलावा जेल के अंदर बने अस्पताल की भी चेकिंग की गई। चेकिंग अभियान सुबह 9 बजे तक चलता रहा। जेल सुपरिंटेंडेंट शमशेर सिंह बोपाराय ने बताया कि पुलिस के साथ मिल कर जेल में सर्च अभियान चलाया गया था। इसमें जिला प्रशासन के अधिकारी भी शामिल थे। तलाशी दौरान सिर्फ एक मोबाइल, बिड़ी का बंड़ल, एक कैदी से कैश और अन्य सामान बरामद हुआ है। आगे भी तलाशी अभियान चलता रहेगा।