करीब 10 दिन पहले कोटकपूरा में रिकवरी के लिए डिफाल्टर शूज कारोबारी के घर का कब्जा लेने पहुंचे पंजाब एंड सिंध बैंक के मैनेजर पर हमला करने का मामला सामने आया था। इस मामले में नामजद कोटकपूरा निवासी मुकेश गर्ग ने गिरफ्तारी से बचने के लिए जिला अदालत में अग्रिम जमानत याचिका दायर की थी जिसे सुनवाई के बाद अतिरिक्त जिला व सेशन जज राजेश कुमार की अदालत ने खारिज कर दिया है।
जानकारी के अनुसार थाना सिटी कोटकपूरा को दिए बयान में पंजाब एंड सिंध बैंक की माल रोड ब्रांच के मैनेजर मुकेश खुराना ने बताया था कि घटना वाले दिन 13 फरवरी को बैंक की डिफाल्टर फर्म सोनू शूज के मालिक नरेश कुमार के कोटकपूरा स्थित घर को कब्जे में लिया जाना था। इस प्रक्रिया के दौरान उनकी अगुवाई में रिकवरी एजेंसी की तरफ से सारी कार्रवाई तहसीलदार कोटकपूरा और पुलिस की निगरानी में की जा रही थी कि डिफॉल्टर फर्म के मालिक नरेश कुमार ने अपने तीन साथियों बलजीत सिंह, मुकेश गर्ग, काला समेत चार अज्ञात के साथ मिलकर उन पर पर हमला कर दिया था। इनमें से एक आरोपी ने रिवाल्वर निकाल उन्हें जान से मारने की धमकियां भी दी। केस में नामजद आरोपी मुकेश गर्ग ने खुद को बेकसूर बताते हुए जिला अदालत से अग्रिम जमानत की मांग रखी थी, जिस पर दोनों पक्षों के वकीलों की दलील सुनते के बाद अदालत ने उसकी याचिका को खारिज कर दिया। जिला अदालत ने कहा कि आरोपी पर सरकारी अधिकारियों की ड्यूटी में विघ्न डाले जाने के गंभीर आरोप है, ऐसे में उसे जमानत नहीं दी जा सकती।