मोगा के ऑर्बिट बस कांड के विरोध में शिअद नेता से संबंधित न्यू दीप कंपनी
की बस में तोड़फोड़ करने मामले में गिरफ्तार 11 विद्यार्थियों की न्यायिक
हिरासत 16 जुलाई तक बढ़ा दी गई है।
वीरवार को पुलिस ने इन विद्यार्थियों को
वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से ही अदालत में पेश किया था। इस दौरान
पंजाब स्टूडेंट यूनियन व नौजवान भारत सभा ने अपने साथियों की बिना शर्त
रिहाई और पुलिस अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग को लेकर रोष प्रदर्शन किया।
उन्होंने इस मामले में 15 जुलाई से डिप्टी कमिश्नर दफ्तर के आगे बेमियादी
धरना शुरू करने का ऐलान किया।
इस मौके पर पीएसयू के प्रांतीय नेता
कर्मजीत कोटकपूरा व नौजवान भारत सभा के जगीर सिंह ने आरोप लगाया कि शिअद
नेता डिंपी ढिल्लों के इशारे पर फरीदकोट पुलिस ने पहले स्टूडेंट्स पर जुल्म
किया और बाद में उन्हें झूठे केस में जेल में बंद करवा दिया। इस संघर्ष को
आने वाले दिनों में राज्य के तमाम स्कूलों और कॉलेजों तक बढ़ाया जाएगा।
पीएसयू समेत अन्य सहयोगी संगठनों की तरफ से 15 जुलाई को डीसी दफ्तर के आगे
बेमियादी धरना शुरू किया जाएगा और सभी मांगें पूरी होने तक धरना जारी
रहेगा।
अतिरिक्त जिला व सेशन जज हरीत कौर की अदालत ने विद्यार्थियों की
याचिका पर राज्य सरकार व केस के जांच अधिकारी को नोटिस जारी किया है। अपनी
याचिका में विद्यार्थियों ने इस केस को झूठा व बेबुनियाद करार दिया है और
जांच अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। अदालत ने इस पर अगली सुनवाई
1 सितंबर को रखी है।