अबोहर। करीब एक करोड़ रुपये की देनदारी को लेकर एक मार्च को नगर निगम की ओर से सील किया गया बाजार नंबर 4 का स्टेट बैंक ऑफ इंडिया पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट के आदेश पर शुक्रवार को सुबह 9 बजे खोल दिया। इससे ग्राहकों ने राहत की सांस ली है।
बैंक के मुख्य प्रबंधक गौरव अग्रवाल ने बताया ने प्रबंधन ने पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में याचिका दायर कर कहा था कि ग्राहकों को हो रही परेशानी को देखते बैंक को खोला जाए। याचिका पर सुनवाई के दौरान जस्टिस तेजिंद्र पाल सिंह ढींढसा की एकल पीठ ने नगर निगम को लताड़ लगाते हुए कहा कि प्रतिदिन सैकड़ों लोगों से लेनदेन करने वाली बैंक को अचानक सील नहीं किया जा सकता। इससे जनता में बैंकिंग प्रणाली के प्रति अविश्वास की भावना पैदा होती है।
विज्ञापन
बैंक की ओर से पेश हुए हाईकोर्ट के वरिष्ठ अधिवक्ता सुमित नारंग की दलीलों पर गौर करते हुए अदालत ने नगर निगम को आदेश जारी किए कि वह बैंक खोलते हुए जिला अदालत से कानूनी कार्यवाही की प्रक्रिया शुरू कर सकता है। अदालत के आदेशों पर शुक्रवार सुबह 9 बजे निगम के अधिकारी बैंक पहुंचे और वीडियोग्राफी करवाते हुए सभी सीलें खोल दीं।
उल्लेखनीय है कि वर्ष 1938 से स्टेट बैंक ने बाजार नंबर 4 स्थित नगर परिषद की इमारत लीज पर ली थी। वर्ष 1984 में लीज खत्म होने पर बैंक प्रबंधन ने नगर परिषद को लीज बढ़ाने के लिए आवेदन किया। नगर परिषद ने लीज नहीं बढ़ाई। इसी के साथ ही वर्ष 1984 से बैंक का किराया अदा न करने पर निगम ने एक मार्च इमारत सील कर दी थी।