विकट व बर्फीले माहौल ऊधमपुर-श्रीनगर-बारामूला ट्रैक के बीच दौड़ेगा रैक
आरसीएफ के जीएम मंजुल माथुर ने रैक रवानगी से पहले किया निरीक्षण
संवाद न्यूज एजेंसी
कपूरथला। कश्मीर वैली रेल मार्ग के लिए आरसीएफ की उत्पादन इकाई में ऊधमपुर-श्रीनगर-बारामूला रेल ट्रैक के बीच सरपट दौड़ने के लिए 23 डिब्बों वाला दूसरा रैक बनकर तैयार हो गया है। आरसीएफ के महाप्रबंधक मंजुल माथुर ने कश्मीर वैली में अत्यधिक सर्दी, बर्फीले माहौल और विपरीत मौसमी परिस्थितियों वाले नव निर्मित उधमपुर-बारामुल्ला रेल मार्ग में नवीनतम विशेषता वाले बनाए गए इस रैक का रवानगी से पहले निरीक्षण किया।
इस दौरान उनके साथ आरसीएफ के प्रधान मुख्य यांत्रिक इंजीनियर अरुण कुमार जैन तथा अन्य विभागाध्यक्ष भी मौजूद रहे। महाप्रबंधक मंजुल माथुर के अनुसार आरसीएफ की ओर से इस 23 डिब्बों के रैक में 14 एसी थ्री टियर, 5 एसी टू टियर, 1 एसी फर्स्ट क्लास, 1 एसी हॉट बुफे कार और 2 लगेज कम जेनरेटर कार कोच शामिल हैं। इनमें पहली बार लगाए गए आटोमैटिक स्लाइडिंग प्लग डोर हैं। आरसीएफ की ओर से ऊधमपुर-श्रीनगर-बारामूला रेल मार्ग के लिए सात स्पेयर डिब्बों सहित 88 डिब्बों के चार रैक बनाए जा रहे हैं। यात्रियों को सुविधाजनक यात्रा प्रदान करने के लिए इस नवनिर्मित रैक में लगाए गए मैकेनिकल तथा इलेक्ट्रिकल से संबंधित उपकरणों का उन्होंने गहनता से निरीक्षण किया। उन्होंने बताया कि इन व्यवस्थाओं में रूफ माउंटेड पैकेज यूनिट (आरएमपीयू) और अंडर-स्लंग पानी की पाइप लाइनों और टैंकों में संशोधनों के साथ हीटिंग क्षमता और पानी गर्म करने की व्यवस्था को बढ़ाया गया है।
आरएमपीयू में अब 6 किलोवाट के बदले 7.5 किलोवाट का बढ़ा हुआ हीटिंग लोड है और प्रत्येक यूनिट 7 टन का है। थर्मोस्टेट न्यूनतम और अधिकतम तापमान सेटिंग के आधार पर चालू/बंद को नियंत्रित करते हैं। उपयुक्त थर्मल इंसुलेशन के साथ मिश्रित सामग्री से बने डबल-दीवार वाले अंडर-स्लंग पानी के टैंक का उपयोग किया गया है। अत्यधिक सर्दी वाले इस सेक्शन में पाइपों में पानी के प्रवाह को सुनिश्चित करने के लिए हीटिंग केबल व्यवस्था का प्रावधान है। यह डिब्बे अन्य विशिष्ट विशेषताओं जैसे डिब्बे के दरवाजे पर एक पतला स्विच बोर्ड कैबिनेट, सीसीटीवी, फायर अलार्म, यात्री सूचना प्रणाली, यात्री अनाउंसमेंट सिस्टम के अलावा एलईडी डेस्टिनेशन बोर्ड शामिल हैं। माथुर ने निरीक्षण के बाद इतने कम समय में डिजाइनिंग से लेकर निर्माण तक अपना भरपूर योगदान देने के लिए सभी कर्मचारियों और अधिकारियों की प्रशंसा की।