जिले में हुए अलग-अलग सड़क हादसों में 3 लोगों की जान चली गई और 16 लोग घायल हो गए। संबंधित थानों की पुलिस आरोपी चालकों के खिलाफ केस दर्ज किया है।
पहला हादसा माधोपुर टी-प्वाईंट के पास हुआ। इसमें गांव रानीपुर बांसा निवासी संकल्प शर्मा की मौत हो गई। संकल्प के भाई सुमित ने बताया कि वह दोनों अपने-अपने वाहनों पर माधोपुर जा रहे थे। टी-प्वाइंट पर हिमाचल रोडवेज की बस ने संकल्प को अपनी चपेट में ले लिया। स्कूटी को टक्कर मारने के बाद बस ट्रक से टकरा गई, जिसमें सवार 16 लोग भी घायल हो गए। थाना सुजानपर की पुलिस ने एचआरटीसी बस ड्राइवर हिमाचल के जिला मंडी, गांव निमाणा निवासी बुतेश्वर पर मामला दर्ज किया है। आरोपी को जमानत पर रिहा किया गया है।
दूसरा हादसा पठानकोट-जालंधर हाईवे नंगल भूर के पास हुआ। भूर निवासी मृतक बलवीर सिंह के बेटे अजय सिंह ने पुलिस को दिए बयान में बताया कि उनकी डमटाल में मारुति वर्कशाप है। बीते दिन उनके गांव भूर में छिंज मेला था। पिता बलवीर सिंह भी छिंज मेला देखने गए थे। वापसी पर पिता साइकिल पर सवार होकर घर को जा रहे थे। भूर चौक में सामने से आएटिप्पर ने पिता को चपेट में लिया, हादसे के तुरंत बाद ड्राइवर टिप्पर छोड़ मौके पर भाग गया। वह अपने पिता बलवीर सिंह को गंभीर हालत में प्राइवेट अस्पताल में लेकर पहुंचा। वहां उनकी मौत हो गई। नंगलभूर पुलिस ने टिप्पर कब्जे में लेकर चालक के खिलाफ मामला दर्ज किया है।
तीसरा हादसा गांव करोली के पास हुआ। शिकायतकर्ता फंगतोली निवासी रमेश सिंह ने पुलिस को बताया कि उसके ताया का बेटा फंगतोली निवासी बलविंद्र सिंह खेतीबाड़ी का काम करता था। बीते दिन बलविंद्र निजी काम के लिए स्कूटी पर सवार होकर मामून कैंट गया था। स्कूटी पर लौटते वक्त करोली शिव मंदिर के पास अज्ञात वाहन की चपेट में आकर स्कूटी अनियंत्रित होकर सड़क किनारे लगे ईंटो के ढेर के साथ टकरा गई। इससे बलविंद्र सिंह के माथे व सिर में गंभीर चोटें आ गई। अस्पताल में डाक्टरों ने बलविंद्र को मृत करार दे दिया।