अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के वाइस प्रधान राहुल गांधी पंजाब की कानून व्यवस्था के खिलाफ धरना देने के लिए सोमवार को पहुंच रहे हैं। इससे प्रशासन के हाथ पैर फूल गए हैं। परेशानी यह है कि यह धरना डीसी कार्यालय के बाहर दिया जाना है और वहां स्थान काफी कम है। फिर भी प्रशासन ने पांच हजार लोगों के लिए कांग्रेस को मंजूरी दे दी है।
राहुल की सुरक्षा को लेकर पुलिस प्रशासन गंभीर हो गया है। जिस स्थान पर धरना दिया जाना है वह भीड़ भाड़ वाला इलाका है और वहां राहुल की सुरक्षा कैसे यकीनी बनाई जाए इसको लेकर पुलिस अधिकारी होमवर्क करने में जुट गए हैं। प्रशासन ने काफी कोशिश की कि धरना स्थल बदल दिया जाए लेकिन कांग्रेसी सांसद चौधरी संतोख सिंह व विधायक राणा गुरजीत सिंह ने तर्क दिया कि यह स्थल नहीं बदल सकता क्योंकि यह रैली नहीं पुलिस प्रशासन के खिलाफ धरना है।
शनिवार को पुलिस कमिश्नर अर्पित शुक्ला खुद कार्यालय से बाहर निकलकर आए और धरना स्थल का जायजा लिया। जहां पुलिस अधिकारियों की राहुल के सुरक्षा दस्ते के साथ बैठक हुई वहीं कांग्रेस ने इस शो को सफल बनाने के लिए एड़ी चोटी का जोर लगा दिया है। कांग्रेसी नेताओं की लंबी बैठक हुई, जिसमें ड्यूटियां बांटीं गई हैं। जिला कांग्रेसी प्रधान राजिंदर बेरी का कहना है कि उन्हें पांच हजार की परमिशन मिली है लेकिन भीड़ अधिक हो सकती है।