पंजाब स्टेट डीसी दफ्तर इंप्लाइज एसोसिएशन के बैनर तले सूबे के सरकारी
कर्मचारी नौ जुलाई से दो दिन के लिए कलम छोड़ हड़ताल पर रहेंगे।
आगे शनिवार एवं रविवार की छुट्टी के चलते अगले चार दिन तक रजिस्ट्री, मैरिज सर्टिफिकेट समेत तमाम काम नहीं हो पाएंगे। एसोसिएशन
के लुधियाना जिला उपाध्यक्ष हरीश कुमार ने कहा है कि हड़ताल के दौरान
मुलाजिम भूख हड़ताल करेंगे और सरकार के खिलाफ आवाज बुलंद की जाएगी। हरीश ने
कहा कि सूबे में स्टॉफ की भारी कमी है और मौजूदा स्टॉफ पर काम का बोझ काफी
बढ़ रहा है।
इस संबंध में सरकार से कई बार बातचीत की गई है, लेकिन अभी तक
कोई हल नहीं निकाला जा सक ा है। ऐसे में मुलाजिमों में जबरदस्त रोष पाया जा
रहा है। अब अपनी मांगों को लेकर आंदोलन के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा है।
उन्होंने कहा कि एसोसिएशन का नारा है कि स्टॉफ का प्रबंध करो या डीसी दफ्तर
बंद करो।
इस बीच, लुधियाना के पंजाब प्रापर्टी डीलर एवं कलोनाइजर्स
एसोसिएशन के प्रधान कुलतार सिंह जोगी का कहना है कि चार दिन तक रजिस्ट्री न
होने से जहां सरकार को राजस्व का नुकसान होगा, वहीं लोगों को भी
परेशानियों से जूझना होगा। जोगी ने सरकार से मांग की है कि कर्मचारियों की
मांगों को लेकर तुंरत कोई हल निकाला जाए।
उधर, जालंधर में डीसी दफ्तर
कर्मचारी एसोसिएशन की मीटिंग जिला प्रधान राजिंदर कुमार शर्मा के नेतृत्व
में हुई।
मीटिंग में फैसला लिया गया है कि डीसी दफ्तर का स्टाफ दो दिन की
भूख हड़ताल करेगा। मीटिंग दौरान प्रधान राजिंदर कुमार शर्मा ने कहा कि 7
जुलाई को सरकार की तरफ से सुपरिटेडेंट ग्रेड-1 की पदोन्नतियां करने के लिए
रखी गई विभागीय बैठक को आगे बढ़ा दिया गया है। 10वीं बार बिना किसी कारण
बैठक को आगे बढ़ाया गया है।
उन्होंने कहा कि डीसी दफ्तर पहले भी स्टाफ
की कमी से परेशान हैं। इसलिए प्रदेश कमेटी की तरफ से लिए गए फैसले पर जिला
यूनिट की तरफ से फैसला लिया गया है।
उन्होंने कहा कि 9 जुलाई और 10 जुलाई
को सदर दफ्तर, उप मंडल दफ्तर, तहसील और उप तहसील में लगातार चल रही कलम
छोड़ हड़ताल की जाएगी और जिला स्तर पर एसोसिएशन के पदाधिकारी सुबह 9 बजे से
शाम 5 बजे तक भूख हड़ताल पर बैठेंगे और धरना प्रर्दशन करेंगे। उन्होंने
कहा कि इस संघर्ष को ओर तेज करने के लिए 10 जुलाई को फैसला किया जाएगा। इस अवसर पर जिला महासचिव विजय कुमार, सुखविंदर कौर, तेजिंदर सिंह, संदीप कुमार, कलमजीत, पवन कुमार वर्मा आदि उपस्थित रहे।