श्री दरबार साहिब में शहीदों की यादगार बनाए जाने को लेकर शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (एसजीपीसी) के प्रधान अवतार सिंह मक्कड़ और मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल के बीच ठन गई है। बादल का कहना है कि एसजीपीसी प्रधान मक्कड़ यादगार के मामले में झूठ बोल रहे हैं।
बादल शुक्रवार को जालंधर में अमृतसर नेशनल हाईवे पर स्थित एक पैलेस में शिअद व भाजपा नेताओं की संयुक्त बैठक में बतौर मुख्य मेहमान शिरकत करने पहुंचे थे। यह बैठक पंजाब में नरेंद्र मोदी की रैली की तैयारियों के लिए बुलाई गई थी।
इसके बाद बातचीत के दौरान पत्रकारों ने जब बादल से पूछा कि अभी तक यह बात आप यह कह रहे थे कि दरबार साहिब में बन रही शहीदों की यादगार एसजीपीसी का मामला है, लेकिन अब एसजीपीसी प्रधान अवतार सिंह मक्कड़ ने कहा है कि दरबार साहब में शहीदों की यादगार सीएम बादल की सलाह से ही बनी थी, इस सवाल पर बादल बोले, एसजीपीसी के प्रधान मक्कड़ झूठ बोल रहे हैं।
बादल ने कहा कि एसजीपीसी एक धार्मिक संस्था है, जिसमें शिरोमणि अकाली दल दखलंदाजी नहीं कर सकता। अगर मक्कड़ ऐसा बोल रहे हैं तो वह कोरा झूठ है। गौरतलब है कि दो दिन पहले मक्कड़ ने बयान देकर सियासत में खलबली मचा दी थी।
कैप्टन अमरिंदर सिंह के इस बयान पर कि भाजपा के लोग 84 दंगों में शामिल थे, बादल ने कहा कि दंगे कांग्रेस की देन थे। भाजपा का इसमें कोई रोल नहीं था। कांग्रेस के नेताओं की बयानबाजी थी कि जब कोई बड़ा वृक्ष गिरता है तो नुकसान होता है।
मक्कड़ ने यह कहा था
मक्कड़ ने हाल ही में अमृतसर में कहा था कि दरबार साहब में जो आतंकियों की यादगार बनी है, वह सीएम की राय से बनी है। एसजीपीसी का सारा कंट्रोल बादल के पास है जबकि सीएम बादल अब तक यादगार को धार्मिक संस्था एसजीपीसी का मामला बताकर खुद को साफ बताते रहे हैं।
ब्लू स्टार के बाद हुई थी मेरी गिरफ्तारी : बादल
ब्लू स्टार आपरेशन को लेकर चल रही सियासत की जंग में बादल ने अब अपना बयान बदल दिया है। जहां पहले बादल ने कहा था कि वे ब्लू स्टार आपरेशन के दौरान जेल में थे, वहीं अब कहा कि उनकी गिरफ्तारी ब्लू स्टार आपरेशन के बाद हुई थी। हाल ही में कांग्रेस के प्रवक्ता सुखपाल खैरा ने कुछ चित्र जारी किए थे। इनमें उन्होंने बताया था कि जिस दिन ब्लू स्टार आपरेशन हुआ था, बादल जेल में नहीं बल्कि एक समारोह में शरीक हुए थे। शुक्रवार को जालंधर में बादल ने अपना बयान बदलते हुए कहा कि उनको ब्लू स्टार आपरेशन के बाद गिरफ्तार किया गया था। बादल से गिरफ्तारी की तारीख पूछी तो उन्होंने कहा कि वे इतनी बारीकी में नहीं जाना चाहते।