भारत-पाकिस्तान सीमा पर शनिवार को पठानकोट पुलिस ने एक पाकिस्तानी कबूतर को पकड़ा। कबूतर के पंखों पर उर्दू में ‘सियालकोटिया बचपन फ्लाइंग जिमी ग्रुप’ की मुहर लगी थी। बताया जा रहा है कि कबूतर सीमा से सटे गांव खोजकी चक्क के एक घर में आ गया था। घर के मालिक ने पकड़कर इसे पुलिस के हवाले कर दिया। अब पुलिस समेत अन्य सुरक्षा एजेंसियां कबूतर पर छपी मुहर और अन्य निशानों की जांच कर रही हैं। फिलहाल कबूतर को थाना नरोट जैमल सिंह के पुलिस थाने में पिंजरे में रखा गया है।
जानकारी के मुताबिक शनिवार सुबह 9 बजे कबूतर ने भारतीय सीमा को पार किया और गांव खोजकी चक्क निवासी गौरव के घर जा बैठा। गौरव ने उसे पकड़ा और बमियाल पुलिस चौकी प्रभारी अरुण शर्मा को सूचित किया। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, कबूतर का सोमवार को मेडिकल होगा और स्कैनिंग से पता लगाया जाएगा कि कहीं कबूतर के शरीर में कोई चिप या खुफिया डिवाइस तो नहीं लगा है। कबूतर की जांच करने पर पाया गया कि यह पाकिस्तान की तरफ से आया है। बीएसएफ एवं पुलिस सीमा पर पूरी सतर्कता बरत रही है, ताकि सुरक्षा में कोई सेंध न लगे।
दो दिन पहले आए थे गुब्बारे
पाकिस्तान के साथ पठानकोट जिले की अंतरराष्ट्रीय सीमा का बड़ा हिस्सा जुड़ा है। बमियाल सेक्टर संवेदनशील माना जाता है। दीनानगर और पठानकोट एयरबेस पर आतंकी हमले हो चुके हैं। अमृतसर और गुरदासपुर में ड्रोन से हथियार भेजने की घटनाओं के बाद बीएसएफ ने बमियाल सेक्टर में भी सुरक्षा प्रबंध सख्त कर दिए हैं। दो दिन पहले ही पाकिस्तान की ओर से लाइट लगे गुब्बारे भी बमियाल सेक्टर में मिल चुके हैं।
गांव खोजकी चक्क निवासी व्यक्ति की सूचना के बाद कबूतर को पकड़ लिया गया है। उस पर उर्दू में ‘सियालकोटिया बचपन फ्लाइंग जिमी ग्रुप’ की मुहर लगी है। आज डॉक्टर न मिलने के कारण सोमवार को उसका मेडिकल करवाया जाएगा। उसके बाद कबूतर की स्कैनिंग की जाएगी।
सुलक्खन सिंह मान, डीएसपी, देहात