जालंधर में श्री कष्ट निवारण बालाजी मंदिर कमेटी द्वारा आयोजित होने वाले ‘बालाजी की चौकी’ कार्यक्रम को लेकर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है।
मामले को लेकर एडीसीपी-1 आकर्षि जैन ने कहा कि कार्यक्रम की अनुमति नहीं होने के कारण तैयारियां रुकवाई गई हैं। वहीं एसीपी ने कहा कि विधायक रमन अरोड़ा से दो दिन से परमिशन लेटर दिखाने को कह रहे हैं पर उन्होंने अपनी बात नहीं रखी।
मंदिर कमेटी ने साफ कहा है कि किसी भी हालत में कार्यक्रम रद्द नहीं किया जाएगा। कमेटी सदस्यों ने ऐलान किया कि यदि ग्राउंड के अंदर अनुमति नहीं मिली तो श्रद्धालु सड़क पर बैठकर बालाजी महाराज का गुणगान करेंगे। गुरुवार सुबह भाजपा नेताओं, मंदिर कमेटी और स्थानीय लोगों ने साईं दास स्कूल ग्राउंड के बाहर धरना भी शुरू कर दिया।
तनावपूर्ण माहौल के बावजूद सुबह दोबारा डेकोरेशन का काम शुरू हो गया और कार्यक्रम स्थल पर कन्हैया मित्तल के बड़े-बड़े पोस्टर लगाए गए। आयोजकों का कहना है कि कार्यक्रम अपने तय समय शाम 6:30 बजे ही होगा।
इस पूरे विवाद के बीच रमन अरोड़ा ने भी पुलिस कार्रवाई पर नाराजगी जताते हुए अपनी सरकारी सुरक्षा लौटाने का ऐलान कर दिया। उन्होंने फेसबुक पोस्ट के जरिए कहा कि धार्मिक कार्यक्रम रोकना गलत है। उनके इस फैसले के बाद जालंधर की राजनीति में हलचल और तेज हो गई है।