-भगत सिंह फाउंडेशन पाकिस्तान ने लाहौर हाई कोर्ट में मनाई भगत सिंह की जयंती
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होशियारपुर। लाहौर में भगत सिंह फाउंडेशन पाकिस्तान ने शहीद-ए-आजम भगत सिंह को भारत का सर्वोच्च नागरिक सम्मान भारत रत्न और पाकिस्तान का सर्वोच्च सम्मान निशान-ए-पाकिस्तान देने की मांग की है। भगत सिंह मेमोरियल फाउंडेशन पाकिस्तान ने लाहौर हाई कोर्ट के डेमोक्रेटिक लॉन में शहीद भगत सिंह की 118वीं जयंती मनाई। इस कार्यक्रम की अध्यक्षता फाउंडेशन के चेयरमैन इम्तियाज रशीद कुरैशी ने की।
कुरैशी ने पत्रकारों को बताया कि कार्यक्रम के दौरान कई प्रस्ताव पारित किए गए। इनमें यह मांग शामिल थी कि भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भगत सिंह को भारत रत्न प्रदान करें और पाकिस्तानी प्रधानमंत्री शाहबाज शरीफ उन्हें निशान-ए-पाकिस्तान से सम्मानित करें। उनके शैक्षणिक पाठ्यक्रम में शामिल करने, स्मारक सिक्के और डाक टिकट जारी करने, प्रमुख सड़कों का नाम उनके नाम पर रखने और लाहौर के शादमान चौक का नाम भगत सिंह के नाम पर रखने की मांग की गई।
मुख्य अतिथियों में राजा जुलकर्नैन (सुप्रीम कोर्ट के एडवोकेट और पूर्व सचिव सुप्रीम कोर्ट बार), मियां गुलामुल्ला खान जोया (सुप्रीम कोर्ट के एडवोकेट), मुक्तदर अख्तर शब्बीर (सुप्रीम कोर्ट के एडवोकेट और पूर्व सचिव सुप्रीम कोर्ट बार), खालिद जमान खान (एडवोकेट) और नूर मोहम्मद कसूरी (पाक-इंडिया बिजनेस काउंसिल के चेयरमैन) शामिल थे।
वक्ताओं ने भगत सिंह की शांति और एकता के प्रति स्थायी योगदान को याद करते हुए कहा कि भगत सिंह ने यह संदेश फैलाया कि हर धर्म की नींव शांति पर आधारित है। उन्होंने कहा कि भगत सिंह भारत और पाकिस्तान दोनों के साझा हीरो हैं और उनके आदर्श पीढ़ियों को प्रेरित करते रहेंगे।