सरहिंद से तरनतारन किसी धार्मिक स्थल पर माथा टेकने जा रहे श्रद्धालुओं से
भरे टाटा-407 कैंटर टायर निकल जाने से अनियंत्रित हो गया। इससे 35
श्रद्धालु घायल हो गए। इनमें से 25 गंभीर घायलों को सिविल अस्पताल कपूरथला
में भर्ती कराया गया है। जबकि दो बेहद गंभीर घायलों को जालंधर रेफर कर दिया
गया है।
बाकी को प्राथमिक चिकित्सा के बाद घर भेज दिया गया। हादसा
कपूरथला-सुभानपुर रोड पर गांव भीला के समीप माडर्न जेल के पास हुआ।
आसपास
के गांव के लोगों ने श्रद्धालुओं को कैंटर में से बाहर निकाला और घायलों
को सिविल अस्पताल कपूरथला में भर्ती करवाया। अस्पताल के आपातकालीन कक्ष में
तैनात ड्यूटी डॉ. भरपिंदर सिंह बैंस ने दो श्रद्धालुओं को बेहद गंभीर हालत
में जालंधर के निजी अस्पताल रेफर कर दिया। कुछ घायल श्रद्धालुओं को
ग्रामीणों ने श्री गुरुद्वारा साहिब में ले जाकर मरहम पट्टी करवाई।
जानकारी
के अनुसार श्री फतेहगढ़ साहिब सरहिंद से श्रद्धालुओं का एक जत्था तरनतारन
में किसी धार्मिक स्थल पर माथा टेकने के लिए टाटा 407 कैंटर में जा रहा था।
जब वह गांव भीला के पास बनी माडर्न सेंट्रल जेल के पास पहुंचा तो अचानक
कैंटर का पिछला टायर निकल गया जिससे चालक संतुलन खो बैठा।
इससे कैंटर
में सवार श्रद्धालु घायल हो गए। सिविल अस्पताल में उपचाराधीन घायलों में
जोध सिंह, बचित्र सिंह, हैवन सिंह, कर्मप्रीत सिंह, जोबनप्रीत सिंह, निशान
सिंह, जरनैल सिंह, अमरजीत कौर पत्नी धीरा, गुरतीर्थ सिंह, गुरबाज सिंह,
प्रभकरण सिंह , शरणजीत सिंह, प्रिंसपाल सिंह और मनप्रीत सिंह शामिल हैं।
इनमें से दो श्रद्धालु प्रितपाल सिंह व गुरबाज सिंह को जालंधर रेफर किया
गया। गुरचरण सिंह, हरजिंदर सिंह, जत्थेदार जस्सा सिंह, प्रगट सिंह, लवप्रीत
सिंह, गुरदेव सिंह, प्रेम सिंह, लवप्रीत सिंह, सर्बजीत सिंह, जंग बहादुर
और रणजीत सिंह राणा की श्री गुरुद्वारा साहिब में मरहम पट्टी करवाई गई।