भाजपा नेता प्रदीप खुल्लर पर खुदकुशी के लिए मजबूर करने का केस दर्ज होने
की घटना के बाद केंद्रीय राज्यमंत्री विजय सांपला के गुट के नेता खुल्लर की
मदद के लिए मैदान में उतर आए हैं। शुक्रवार को भाजपा के मानवाधिकार सेल के
कोकनवीनर कमल शर्मा के नेतृत्व में भाजपा नेता पुलिस कमिश्नर से यूरिंदर
सिंह हेयर से मिले और कहा कि मामला रंजिशन दर्ज करवाया गया है। बिजली चोरी
की छापेमारी 15 दिन पहले पॉवरकॉम ने की थी। इसमें भाजपा नेता प्रदीप खुल्लर
का क्या कसूर है। कमिश्नर हेयर ने भाजपा नेताओं को आश्वासन दिया है कि इस
मामले में निष्पक्ष जांच करवाई जाएगी।
कमल शर्मा के साथ भाजपा के
मानवाधिकार सेल के ही कोकनवीनर राजेश बिट्टू, आशू घई ने कमिश्नर के आगे
तर्क रखा कि खुदकुशी करने वाला निशान सिंह किसी अन्य कारण से परेशान था।
बिजली विभाग ने छापेमारी 15 दिन पहले की थी और उसने इतने दिनों बाद सुसाइड
किया है। इसलिए इसकी जांच बारीकी से की जाए और इसमें पॉवरकाम के मुलाजिमों व
अधिकारियों के बारे में भी जांच की जाए।
कमल शर्मा ने साफ कहा कि यह
एक राजनीतिक रंजिश है, इसलिए केस में प्रदीप खुल्लर को फंसाया गया है। कमल
शर्मा ने कहा कि कहा यह जा रहा है कि खुल्लर निशान सिंह से दुकान व मकान
खाली करवाना चाहता था, इसलिए तंग परेशान किया जा रहा था जबकि हकीकत यह है
कि निशान सिंह का मकान व दुकान मालिक कोई और ही है।
उधर भाजपा
जिलाध्यक्ष सुभाष सूद एडवोकेट ने बताया प्रदीप खुल्लर को व्यापार सेल के
जिला को कनवीनर पद से हटा दिया है। साथ ही खुल्लर को कारण बताओ नोटिस भेजा
जा रहा है। उल्लेखनीय है कि वीरवार को शास्त्री नगर में निशान सिंह नामक
दुकानदार ने खुदकुशी कर ली थी। पुलिस ने निशान सिंह की पत्नी सीमा ने बयान
पर भाजपा नेता प्रदीप खुल्लर के खिलाफ खुदकुशी के लिए उकसाने की केस दर्ज
किया था।