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'पंजाब में हर दिन कत्ल': जालंधर में AAP पर गरजे मजीठिया, ऑपरेशन प्रहार पर सवाल उठाए, DGP को घेरा

Mon, 09 Feb 2026 05:37 PM IST
अंकेश ठाकुर संवाद न्यूज एजेंसी, जालंधर (पंजाब)

सार

मजीठिया ने कहा कि पंजाब में बॉर्डर स्टेट है। ऐसे में जब तक पक्के तौर पर डीजीपी को नहीं लगाया जाएगा, तब तक ऐसे हालात बनते रहेंगे और डीजीपी का कानून व्यवस्था पर कोई ध्यान नहीं जाएगा।
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जालंधर में बिक्रम मजीठिया। - फोटो : वीडियो ग्रैब
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विस्तार
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शिरोमणि अकाली दल (शिअद) नेता व पूर्व मंत्री बिक्रम मजीठिया आज जालंधर पहुंचे। जहां उन्होंने लक्की ओबरॉय के कत्ल को लेकर पुलिस पर जमकर निशाने साधा। मजीठिया ने कहा कि लॉ एंड ऑर्डर बिल्कुल खराब हो गया है। आप सरकार के नेता का दिनदहाड़े कत्ल कर दिया गया, ऐसे में आम नागरिक कहां सुरक्षित है। 

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डीजीपी गौरव यादव पर निशाना साधते हुए कहा कि पंजाब कानून व्यवस्था खराब हो चुकी है, लेकिन डीजीपी को अपनी कुर्सी प्यारी है। मजीठिया ने कहा कि पंजाब में बॉर्डर स्टेट है। ऐसे में जब तक पक्के तौर पर डीजीपी को नहीं लगाया जाएगा, तब तक ऐसे हालात बनते रहेंगे और डीजीपी का कानून व्यवस्था पर कोई ध्यान नहीं जाएगा। मजीठिया ने कहा कि पंजाब के हालात यह बन गए है कि कोई इंडस्ट्री पंजाब में इनवेस्ट करने को तैयार नहीं है। अगर कोई आवाज उठाता है तो उसके खिलाफ पर्चे दर्ज किए जाते हैं। इन हालातों में डेमोक्रेसी नहीं बच पाएगी। 

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मजीठिया ने कहा कि पंजाब पर 5 लाख करोड़ का कर्ज चढ़ गया है। वहीं एसवाईएल के मुद्दे को लेकर कहा कि पंजाब जल्द हरियाणा को पानी देने जा रही है। पंजाब के नौजवानों के पास नौकरी नहीं है, किसान सड़कों पर है। पंजाब की इंडस्ट्री बाहर जा रही है। अगर पंजाब को बचाना है तो दिल्ली वालों भगाना पड़ेगा। 
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कोरोना काल में पंजाब में पाकिस्तान के बॉर्डर एरिया से हथियार आने के मामले में डीजीपी को घेरते हुए कहा कि अगर उस समय हथियार पंजाब में आए थे तो वह उनके खिलाफ क्या कार्रवाई कर रहे थे। मजीठिया ने ऑपरेशन प्रहार 2.0 के लेकर कहा कि वह साढ़े 3 साल तक कहां थे। पीआर के अलावा उन्हें कोई काम नहीं है। पंजाब में सुबह ऑपरेशन प्रहार 2.0 शुरू हुआ और उसके बाद पंजाब में गोली मारकर कत्ल कर दिया गया। अगर ऑपरेशन प्रहार में 5 हजार लोग अब पकड़े हैं तो पहले पुलिस ने क्या किया था। पुलिस को लोगों को पकड़ने के लिए टारगेट दिया गया है, अगर पुलिस रोजाना नौजवानों को काबू नहीं करती तो उनकी ट्रांसफर हो जाएगी। ऐसे में कितने सही नौजवानों को थाने पकड़कर पुलिस ले जा रही है। वहीं पुलिस द्वारा किए जा रहे एनकाउंटर पर भी मजीठिया ने सवाल उठाए।

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