अमर उजाला ब्यूरो
मुक्तसर। भारतीय किसान यूनियन एकता उगराहा की ओर से विभिन्न मांगों को लेकर सोमवार को मिनी सचिवालय के समक्ष प्रदर्शन किया गया। इससे पहले मुक्त-ए-मीनार पार्क में बैठक कर किसान मार्च करते हुए सचिवालय पहुंचे। वहां प्रदर्शन के बाद सरकार के नाम ज्ञापन भी सौंपा गया।
प्रदर्शनकारियों ने पराली और खेतों के कचरे को आग लगाने वाले किसानों पर दर्ज किए मामलों को रद्द करने, असमर्थ किसान मजदूरों का पूरा कर्जा खत्म करने, डॉ. स्वामी नाथन की रिपोर्ट को लागू करने, खाली चेक को वापिस करने, अदालती केस पर गिरफ्तारी वारंट वापस लेने के मांग दोहराई। भारतीय किसान यूनियन एकता उगराहा के जिला अध्यक्ष पूरन सिंह दोदा, किरती किसान यूनियन के जिला अध्यक्ष बलविंदर सिंह थांदेवाला, भारतीय किसान यूनियन क्रांतिकारी के कार्यकारी अध्यक्ष टहल सिंह हुस्नर ने कहा कि पंजाब व केंद्र सरकार की ओर से प्रदेश के किसानों को आदेश दिया है कि वह 1 जून से धान लगाने की बजाय 20 जून तक धान लगाएं। किसानों ने 1 जून से ही धान की बुआई करने की घोषणा की है। मौके पर गुरभगत सिंह भलाईआना, गुरादित्ता सिंह, भूपिंदर सिंह, गुरपाश सिंह, सुखराज सिंह, राजा सिंह, हरबंस सिंह, जोगिंदर सिंह, मक्खन सिंह, हरविंदर सिंह, सतपाल सिंह, पाल सिंह, चड़त सिंह मौजूद थे।