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खेतीबाड़ी विकास बैंक की डिफाल्टरों पर सख्ती

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खेतीबाड़ी विकास बैंक की डिफाल्टरों पर सख्ती
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नब्बे लाख के कर्जदार कोलियांवाली ने बैंक को जमा करवाया पांच लाख का चेक
तेरह लाख रुपये और एक सप्ताह में देने का आश्वासन
बाकी राशि नरमा सीजन के बाद चुकता करने का दिलाया विश्वास
अमर उजाला ब्यूरो
मुक्तसर।
राज्य के खेतीबाड़ी विकास बैंक द्वारा डिफाल्टरों पर सख्ती के बाद आखिर पूर्व मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल के करीबी एसजीपीसी के सदस्य एवं पंजाब एग्रो के पूर्व चेयरमैन जत्थेदार दियाल सिंह कोलियांवाली ने बैंक को पांच लाख रुपये की राशि का चेक सौंपा है। बता दें कि कोलियांवाली पर मलोट के खेतीबाड़ी विकास बैंक का करीब 90 लाख रुपये खेती कर्जा है। कोलियांवाली सन 2004 से बैंक के कर्जा चले आ रहे हैं। गौरतलब है कि बैंक द्वारा डिफाल्टर किसानों पर सख्ती बरतते हुए कर्ज उग्राहने की मुहिम शुरु कर दी गई है। इसके तहत बैंकों का स्टाफ ऐसे बड़े किसानों एवं नेताओं के घर-घर जाकर उनसे कर्ज चुकाने की अपील करेगा। अगर सीधे तरीके से अपील करने पर किसान कर्ज न चुकाता है तो बैंक स्टाफ द्वारा कर्जा राशि निकलवाने के लिए डिफाल्टरों के घर के आगे धरना तक लगाने का फैसला किया गया है। इस अभियान के तहत बुधवार को दयाल सिंह कोलियांवाली के घर बैंक टीम ने पहुंचना था। मगर इससे पहले ही कोलियांवाली ने बैंक को पांच लाख रुपये की राशि का चेक देकर फिलहाल पल्ला छुड़ा लिया है। बैंक के रिकवरी मैनेजर भावेश बजाज ने बताया कि कोलियांवाली की ओर से पांच लाख रुपये की राशि का चेक जमा करवा दिया गया है। साथ ही एक सप्ताह में तेरह लाख रुपये और देने का आश्वासन दिया गया है। यही नहीं नरमा की अगली फसल की सीजन के बाद उक्त बकाया राशि भी लौटाने की बात कही है।
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पावरकॉम ने भी वसूलना है अभी साढ़े नौ लाख बकाया
कोलियांवाली पर पावरकाम का भी बिजली बिल का करीब साढ़े नौ लाख रुपये बकाया खड़ा है। पावरकॉम ने इसी वर्ष फरवरी माह में कोलियांवाली के घर से उनके बेटे परमिंदर सिंह के नाम पर लगा एक बिजली का मीटर उखाड़ लिया था। इस मीटर का करीब साढ़े 23 लाख रुपये का बिल बकाया था। पावरकॉम के अबुल खुराना डिवीजन के आरए पलविंदर सिंह के अनुसार कोलियांवाली की तरफ करीब साढ़े नौ लाख रुपये की राशि अभी बकाया खड़ी है।
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