फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

-द् हिन्दू बैंक एनपीए मामला-

विज्ञापन
विज्ञापन
बैंक प्रबंधन के खिलाफ व्यापारी लामबंद
विज्ञापन

द हिंदू बैंक एनपीए मामले में लेनदेन पर शर्तें खत्म करने की मांग
शहर के सवा लाख खाताधारकों में तमाम व्यापारी भी शामिल।
अमर उजाला ब्यूरो
पठानकोट। द हिंदू को-आपरेटिव बैंक के एनपीए मामले में आरबीआई द्वारा बैंक में लेन-देन पर लगाई गई पाबंदी से करीब सवा लाख खाताधारक, 15 हजार शेयर होल्डर और शहर के तमाम व्यापारी भी मुसीबत में आ चुके है। शहर के व्यापारी बैंक में लिमिटों के जरिए अपना कारोबार चला रहे थे। अब बैंक में लगी पाबंदी के कारण कारोबार भी प्रभावित हो रहा है। लोगों व व्यापारियों को इस परेशानी से बाहर निकालने के लिए व्यापार मंडल की ओर से अध्यक्ष नरेश अरोड़ा की अध्यक्षता में चार्टेड अकाउंटेंट्स एसोसिएशन के साथ बैठक की। जिसमें एसोसिएशन के वरिष्ठ पदाधिकारी सीए राकेश मल्होत्रा, सीए संजीव महाजन व सीए नीरज जतवानी उपस्थित हुए। जिनके साथ बैठक में उपस्थित व्यापारियों ने हिन्दू बैंक के मौजूदा हालातों पर चर्चा की। इस अवसर पर प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य भारत महाजन ने रोष व्यक्त करते कहा कि हिन्दू बैंक के आज जो हालात पैदा हुए है, उससे शहर के व्यापारियों को भी भारी नुकसान झेलना पड़ रहा है तथा हजारों की संख्या में खाता धारकों को अपना पैसा डूबने का भम्र पैदा हो रहा है। व्यापार मंडल चाहता है कि बैंक को किसी भी स्थिति में बचाया जाए ताकि सबका नुकसान होने से बच सके। उन्होंने कहा कि बैंक मैनेजमेंट इस मामले में जल्द श्वेत पत्र जारी करें ताकि पता चल सके कि बैंक ने कितना लोगों का पैसा देना और कितना कर्ज धारकों से लेना है। इस दौरान सीए राकेश मल्होत्रा, सीएस संजीव महाजन व सीए नीरज जतवानी ने संयुक्त रूप में कहा कि हिंदू को-ऑपरेटिव के इस समय जो हालात हैं, वह एक टेक्निकल समस्या है और उसे टेक्नीकल तरीके से ही हल किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि अभी मसला बैंक को स्टैंड करने का है, क्योंकि इससे क्षेत्र का व्यापारी वर्ग जुड़ा है। उन्होंने कहा कि देश में कई स्थानों पर पहले भी ऐसे मामले घटित हो चुके हैं, जिसे अनुभवी लोगों ने हल किया है। उन्होंने साथ ही कहा कि कागजों की लड़ाई कागजों के साथ ही होगी इसलिए उन्हें भी इसके लिए तैयारी करनी पड़ेगी और इसके लिए कागजात व बैलेंस शीट्स उनके सामने होनी चाहिए तभी वह व्यापार मंडल की मदद कर पाएंगे। उन्होंने कहा कि मंडल को बैंक के अधिकृत लोगों से अनुमति लेनी पड़ेगी, तभी अनुभवी लोग इस मामले के समाधान हेतु अपनी तरफ से मदद कर पाएंगे। इस दौरान प्रदेश सचिव सुनील महाजन, आल इंडिया संगठन मंत्री एल.आर सोढी, सीनियर उपाध्यक्ष अमित नैयर, महासचिव राजेश पुरी व राजीव महाजन काला ने कहा कि बैंक के हालातों को लेकर शहर में ऐसा माहौल न पैदा हो। जिससे खाताधारक और भ्रमित हो तथा उन्हें अपने पैसे मिलने की उम्मीद डूबती दिखाई दे। उन्होंने रोष व्याप्त किया कि अगर बैंक से सिस्टम नही संभाला जा रहा तो वह इस मामले में अनुभवी लोगों को शामिल करें क्योंकि यह मामला करीब 90 हजार खाताधारकों के साथ जुड़ा है। जिनके पैसे यहां जमा है। उन्होंने कहा कि शेयर होल्डरों को भी इस मामले में एकत्रित होकर बैंक मैनेजमेंट से मिलना चाहिए। इस अवसर पर अध्यक्ष नरेश अरोड़ा ने कहा कि जल्द ही मंडल का शिष्टमंडल बैंक मैनेजमेंट से मिलेगा और उनके साथ इसके समाधान के लिए कोई सुझाव ढूंढा जाएगा, ताकि बैंक को डूबने से बचाया जा सके। उन्होंने कहा कि लोगों का पैसा डूबने नहीं दिया जाएगा और मामले में सीए भी हमारी मदद करेंगे। इस अवसर पर भारत महाजन, सुनील महाजन, एलआर सोढ़ी, अमित नैयर, राजेश पुरी, दपिंद्र अरोड़ा, राजीव महाजन, रमेश अरोड़ा, कुलदीप सिंह, मनु महाजन, रामपाल भंडारी, रमन हांडा, अरुण गुप्ता, राजेन्द्र मेहता, करण कुंद्रा, मनोज, दविंद्र मिंटू उपस्थित थे।

फोटो:-3-बैठक में जानकारी देते व्यापार मंडल पठानकोट के पदाधिकारी।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें