जासूसी के आरोप में पाकिस्तान में जेल में कैद रहे व वहीं पर जान देने वाले सरबजीत सिंह की बहन दलबीर कौर का रविवार सुबह निधन हो गया। वह 60 वर्ष की थीं। निधन का कारण कार्डियक अरेस्ट बताया जा रहा है। उनका अंतिम संस्कार रविवार को दोपहर दो बजे तरनतारन के गांव भिखीविंड में किया गया।
दलबीर कौर को शनिवार रात दर्द हुआ। इसके बाद परिजनों ने अमृतसर के एक निजी अस्पताल में उन्हें दाखिल करवाया। जहां सुबह उनका देहांत हो गया। वर्ष 1991 में पाकिस्तान की कोर्ट ने सरबजीत सिंह को भारतीय जासूस करार देकर मौत की सजा सुनाई थी। इसके बाद सरबजीत की बहन दलबीर कौर काफी चर्चा में आई थीं।
वर्ष 2013 में सरबजीत का पाकिस्तान की जेल में ही कत्ल कर दिया गया था। वर्ष 1991 में भाई को मौत की सजा मिलने के बाद से ही दलबीर कौर ने अपने भाई को रिहा कराने की काफी कोशिशें कीं। इस दौरान दलबीर कौर ने सरबजीत सिंह को बचाना है, एक मुहिम भी शुरू की थी। वह सरबजीत की रिहाई के लिए राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और विदेश मंत्रालय तक के चक्कर काटती रहीं।
2011 में वह भाई से मिलने पाकिस्तान गई थीं। 2013 में सरबजीत पर हमले की सूचना भारत पहुंची तो वह सरबजीत की बेटियों को लेकर पाकिस्तान गईं। पाकिस्तान की जेल में जान गंवाने वाले सरबजीत व दलबीर कौर पर 2016 में फिल्म भी बनी थी। सरबजीत की भूमिका जहां रणदीप हुड्डा ने निभाई थी, वहीं दलबीर कौर का रोल ऐश्वर्या राय ने निभाया था। दलबीर कौर को कई अवार्ड भी मिले थे। दलबीर कौर अविवाहित थीं। सरबजीत सिंह की एक बेटी सुल्तानपुर लोधी में नायब तहसीलदार है और एक बेटी जालंधर में विवाहित है।