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अस्पताल में दाखिल होना है भाई तो घर से लाओ चारपाई

Sat, 28 Sep 2013 11:46 PM IST
अमर उजाला, (मक्खू/फिरोजपुर)
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पिछले साल ही मक्खू के कम्यूनिटी हेल्थ सेंटर (सीएचसी) का उद्घाटन हुआ है, लेकिन यहां के एमडीएस (डेंटल डाक्टर) को 41 साल पुरानी कुर्सी दी गई। ये कुर्सी भी बिल्कुल कंडम है।
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यहां तैनात दांतों के माहिर डा. साहिल बत्तरा सिर्फ मरीजों को दवाइयां लिखने का कार्य कर रहे हैं। उक्त अस्पताल तीस बेडों का है, लेकिन इसमें मात्र तीन बेड हैं। अस्पताल में एसएमओ की पोस्ट खाली है। इस सेंटर की इतनी बुरी हालत है कि यहां पर चार स्पेशलिस्ट डाक्टरों के पद हैं, परंतु एक भी स्पेशलिस्ट डाक्टर नहीं है। इस अस्पताल में स्पेशलिस्ट डाक्टर छोड़कर छह डाक्टर चाहिए। इसमें से पांच डाक्टर हैं।

दो डाक्टर किसी और अस्पताल में तैनात किए गए हैं। यहां पर एक आयुर्वेदिक डाक्टर, दो एमओ (एमबीबीएस) तैनात हैं। एक डाक्टर ने बताया कि इस अस्पताल में 100 से 150 मरीज रोजाना आ रहे हैं।  जबकि अस्पताल के उद्घाटन के बाद यहां रोजाना पांच सौ मरीजों का आना-जाना था। एक साल के भीतर इस अस्पताल की इतनी हालत बदतर हो गई कि मरीज धीरे-धीरे आना बंद हो गए। जो मरीज आ रहे हैं उन्हें भी पूरी सहूलियतें नहीं मिल रही है। दवाइयां बाहर से खरीदने पड़ रही है।
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कोई मरीज ज्यादा बीमार होता है और उसे दाखिल करना पड़े तो वह अपने घर से चारपाई लेकर आता है क्योंकि यहां पर बैड ही नहीं हैं। चेकअप कराने आए मरीज जसवंत सिंह का कहना है कि जो दवाई डाक्टर ने लिखकर दी है, वो अस्पताल में उपलब्ध नहीं है, जिस कारण उसे बाजार से खरीदनी पड़ रही है।

अस्पताल में स्टाफ की जरूरत
अस्पताल में चार स्पेशलिस्ट डाक्टर चाहिए, जिनमें सर्जन, बच्चों का माहिर, महिला विशेषज्ञ व एम.डी शामिल है। एसएमओ का पद खाली पड़ा है। छह डाक्टरों की जरूरत है, यहां पर तीन डाक्टर हैं। एक्स-रे मशीन के लिए कमरा बना है मशीन नहीं है। फार्मासिस्ट की तीन पोस्टें हैं, दो फार्मासिस्ट हैं। चौकीदार कम सफाई सेवक की तीन पोस्टें हैं, सभी रिक्त पड़ी हैं। दस वार्ड सरवेंट की पोस्टें भी रिक्त हैं।

स्टाफ अपने पैसों से अस्पताल की करवा रहा सफाई
अस्पताल का स्टाफ हर माह सौ-सौ रुपये एकत्र कर सफाई कर्मचारी को एक हजार रुपये सफाई के लिए देते हैं। यहां पर सफाई कर्मचारी नहीं है। उक्त अस्पताल साढ़े पांच करोड़ रुपये की लागत से बनाया है। इसमें 18 एसी लगने थे, जो नहीं लगे।


सिविल सर्जन फिरोजपुर वाईके गुप्ता के ये हैं जवाब
सवाल. कब तक स्पैशलिस्ट डाक्टर तैनात होंगे?
जवाब. डाक्टरों की नियुक्ति संबंधी हर माह रिपोर्ट तैयार कर सेहत विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों व पंजाब सरकार को भेजी जाती है। डाक्टरों की नियुक्ति करना सरकार का कार्य है। इसमें वो कुछ नहीं कर सकते हैं।
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सवाल. अस्पताल में एसएमओ की तैनाती कब होगी?
जवाब. एसएमओ की तैनाती करना वरिष्ठ अधिकारियों के हाथ में है। उनके हाथ में कुछ नहीं है। मैंने तो रिपोर्ट बनाकर भेजी है।
सवाल. अस्पताल में सफाई का बुरा हाल है कब तैनात किए जाएंगे सफाई कर्मी?
जवाब. सफाई कर्मियों की तैनाती संबंधी रिपोर्ट तैयार कर वरिष्ठ अधिकारियों को भेजी है। उसे भी पूरा नहीं किया जा रहा है।
सवाल. अस्पताल में वार्ड सरवेंट नहीं है?
जवाब. सरकार को लिखकर भेजा है। यह कार्य सरकार का है। इसमें मैं कुछ नहीं कर सकता।
सवाल. डेंटल डाक्टर को कब तक पूरा सामान मुहैया करवाया जाएगा?
जवाब. इस संबंधी उन्हें जानकारी नहीं थी। यदि ऐसा है तो इस समस्या को जल्द हल करेंगे।
सवाल. एक्स-रे मशीन कब तक लगेगी?
जवाब. इस संबंधी उन्होंने वरिष्ठ अधिकारी व सरकार को लिखकर भेजा है। पैसे आने पर ही मशीन खरीदी जाएगी।
सवाल. अस्पताल में डाक्टरों की नियुक्ति कब तक होगी?
मैंने तो डाक्टरों की नियुक्ति संबंधी लिखकर भेजा है। सरकार ही डाक्टरों की नियुक्ति करेगी।

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