पंजाब के हर जिले में अब सवा तीन करोड़ की लागत से आधुनिक पशु मंडी बनाई जाएगी। यह घोषणा बुधवार को राज्य के पशु पालन मंत्री गुलजार सिंह रणीके ने सरकारी कॉलेज के गुरु गोबिंद सिंह खेल स्टेडियम में आयोजित छठीं राष्ट्रीय पशुधन चैंपियनशिप के आगाज के दौरान कही।
उन्होंने कहा कि विभाग में 125 वेटरनरी अधिकारियों और 175 वैटरनरी इंस्पेक्टर की भर्ती भी जाएगी। इसके अलावा पशु पालक के हित में विभिन्न बोर्ड की स्थापना की गई है ताकि पशु पालकों की भलाई में तेजी से योजनाएं तैयार कर उन्हें लागू किया जा सके।
मंत्री रणीके ने कहा कि राज्य सरकार की ओर से पशुधन चैंपियनशिप शुरू करने के बाद आज पांच वर्ष बीत चुके है और इन पांच साल में पशुधन की संख्या में जहां 10.33 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है, वहीं दूध उत्पादन भी वार्षिक 93.89 लाख टन से बढ़कर 97.24 लाख टन हो गया है।
पशु पालन मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार की ओर से पशुओं की नस्ल सुधारने, पशु पालन के लिए किसान कल्याणकारी स्कीमों और इस तरह के मुकाबलों के चलते पशु पालन तेजी से बढ़ रहा है।
रणीके ने बताया कि पिछले पांच सालों में राज्य सरकार के प्रयासों से गाय की संख्या में 35 फीसदी, भैंसों की संख्या 4 फीसदी और सूअरों की संख्या में 42 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है। उन्होंने इन उपलब्धियों के लिए राज्य के पशु पालकों को बधाई दी। मंत्री ने कहा कि सरकार की योजनाओं और पशु पालन क्षेत्र में दी जा रही सब्सिडी से ही यह संभव हो पाया है।
मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल और उप मुख्यमंत्री सुखबीर सिंह बादल के नेतृत्व में पशु पालन के क्षेत्र में जारी प्रयासों में रामपुरा फूल में वेटरनरी कॉलेज स्थापित किया जा रहा है। जहां गायों की नस्ल सुधार के लिए 1.36 लाख डोज विदेशी सीमन का आयात किया है, वहीं पंजाब ने सूअरों की नस्ल सुधार के लिए विदेशी नस्ल के सीमन की 200 डोज का आयात किया है।
इसी तरह 20 करोड़ रुपये अस्पतालों और पशु डिस्पेंसरी की इमारतों पर खर्च करने के अलावा 14 करोड़ की लागत से नाभा में सीमन बैंक का नवीनीकरन किया जा रहा है। इस मौके पर सांसद फरीदकोट बीबी परमजीत कौर, डायरेक्टर डॉ. एचएस संधा, जिला अध्यक्ष मनजीत सिंह बरकंदी, डीसी परमजीत सिंह, एसएसपी सुरजीत सिंह, डिप्टी डायरेक्ट डॉ.नरिंदर पूरी, सर्किल अध्यक्ष मनजिंदर सिंह बिट्टू और बीबी वीरपाल कौर तरमाला मौजूद थे।