कांग्रेस नेता सुखपाल खैहरा ने पंजाब सरकार पर जमकर निशाना साधा है। रविवार को सुखपाल खैहरा ने जालंधर प्रेस क्लब में प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इस दौरान उन्होंने राज्य की कानून व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए कहा कि पंजाब में रोजाना हत्याएं हो रही हैं, नशे के मामले सामने आ रहे हैं, लेकिन सरकार पूरे प्रदेश को छोड़कर सिर्फ उन्हें ही निशाना बना रही है।
खैहरा ने आरोप लगाया कि उनके खिलाफ कई केस दर्ज किए गए हैं और राजनीतिक बदले की भावना से कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने कहा कि किसानों के धरनों के दौरान मारपीट की गई और महिलाओं को ढाल बनाकर उनके खिलाफ इस्तेमाल किया गया।
उन्होंने कपूरथला के डीसी पर भी गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि उन्हें सरकार की ओर से उनके खिलाफ कुछ न कुछ निकालने के निर्देश दिए गए। वहीं, वीडीपीओ कुलविंदर रंधावा पर 2023 में कथित 60 लाख रुपये के गबन का आरोप दोहराया। खैहरा ने दावा किया कि उस समय विजिलेंस ने केस दर्ज किया था और उन्हें सस्पेंड भी किया गया, लेकिन बाद में बहाल कर दिया गया।
खैहरा ने बताया कि उन्होंने विजिलेंस ब्यूरो को पत्र लिखकर आरोप लगाया है कि 2022 में गांव घुग वेड ढिलवा में नालियों और सीवरेज के लिए आए 20 लाख रुपये में से 19.70 लाख रुपये कथित तौर पर आरटीजीएस के जरिए एक व्यक्ति के खाते में ट्रांसफर किए गए। शिकायत के बावजूद अब तक कोई जवाब नहीं मिला।
नकोदर की विधायक इंद्रजीत कौर मान पर भी खैहरा ने टिप्पणी करते हुए कहा कि सोशल मीडिया पर उन्हें अलग-अलग नामों से पुकारा जा रहा है। उन्होंने कहा कि उनकी आलोचना के चलते विधायक को अपना कमेंट सेक्शन बंद करना पड़ा।
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान खैहरा ने साफ कहा कि वे सरकार की कथित नीतियों और अधिकारियों की कार्यशैली के खिलाफ अपनी लड़ाई जारी रखेंगे।