पंजाब स्टेट पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड (पीएसपीसीएल) की 16 यूनियनों व आम आदमी क्लीनिक (एएसी) स्टाफ यूनियन ने आधिकारिक रूप से अपनी हड़ताल वापस ले ली है। कर्मचारी कार्य पर लौट आए हैं। पंजाब के वित्त मंत्री व कर्मचारियों के मुद्दों और मांगों के समाधान के लिए गठित कैबिनेट सब कमेटी के अध्यक्ष एडवोकेट हरपाल सिंह चीमा ने बताया कि यह निर्णय पिछले दो दिनों के दौरान राज्य सरकार के नेतृत्व में हुई विस्तृत चरणबद्ध वार्ताओं के बाद लिया गया है।
उनके अनुसार स्वास्थ्य कर्मचारियों की प्रमुख मांगों को स्वीकार करने व बिजली क्षेत्र के कर्मचारियों की वित्तीय मांगों पर विचार के लिए एक विशेष वित्तीय समिति गठित करने सहित महत्वपूर्ण मुद्दों का सफलतापूर्वक समाधान किया गया। प्रेसवार्ता के दाैरान वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने बताया कि पटियाला मुख्यालय में उनकी लगभग पांच घंटे चली बैठक व बिजली मंत्री तरुनप्रीत सिंह सौंद और पीएसपीसीएल के सीएमडी के साथ देर रात तक यूनियनों की हुई चर्चा के बाद बिजली क्षेत्र की सभी 16 यूनियनों के साथ सहमति बन गई है।
उन्होंने कहा, यूनियनों की वित्तीय मांगों के समाधान के लिए राज्य सरकार ने एक विशेष वित्तीय समिति का गठन किया है, जो 15 अगस्त तक अपनी अंतिम रिपोर्ट
प्रस्तुत करेगी। उन्होंने बताया कि जिन प्रमुख यूनियनों ने समझौते पर सहमति जताई है, उनमें टेक्निकल सर्विसेज यूनियन पीएसईबी, पीएसईबी इम्प्लाइज फेडरेशन (एआईटीयूसी), मिनिस्टीरियल सर्विसेज यूनियन पीएसईबी (एमएसयू), एसोसिएशन ऑफ जूनियर इंजीनियर्स, पीएसईबी इम्प्लाइज फेडरेशन (भारद्वाज), पीएसईबी थर्मल
इम्प्लाइज कोऑर्डिनेशन कमेटी, पीएसईबी कर्मचारी दल पंजाब, इम्प्लाइज फेडरेशन पीएसईबी, पंजाब राज्य बिजली मजदूर संघ (बीएमएस), वर्कर फेडरेशन इंटक पीएसपीसीएल/पीएसटीसीएल, इम्प्लाइज फेडरेशन पीएसपीसीएल/पीएसटीसीएल (पहलवान समूह), इम्प्लाइज फेडरेशन पीएसपीसीएल/पीएसटीसीएल (चाहल समूह), आईटीआई एसोसिएशन, ग्रिड सब-स्टेशन इम्प्लाइज यूनियन पंजाब (पंजीकृत), पावरकॉम एवं ट्रांसको पेंशनर्स यूनियन (एआईटीयूसी), पेंशनर्स वेलफेयर
फेडरेशन पंजाब (पहलवान) तथा मुलाजिम यूनाइटेड ऑर्गेनाइजेशन आदि शामिल हैं।