मोगा में शनिवार को बदलाव रैली से पहले आप नेताओं ने भाजपा की घेराबंदी शुरू कर दी है। आप के मंत्रियों ने गृहमंत्री अमित शाह के पंजाब दौरे के मुद्दे को विधानसभा में प्रमुखता से उठाया। सदन में केंद्र पर पंजाब की आर्थिक स्थिति को कमजोर करने का आरोप लगाया गया जबकि हिमाचल प्रदेश की खराब माली हालत के लिए भी केंद्र को जिम्मेदार ठहराया गया।
अमित शाह 14 मार्च को मोगा पहुंच रहे हैं। वे यहां किल्ली चहल में भाजपा की बदलाव रैली को संबोधित करते हुए साल 2027 के लिए चुनावी हुंकार भरेंगे। केंद्रीय गृहमंत्री इस दौरान आप सरकार को लॉ एंड ऑर्डर की स्थिति खासकर गैंगस्टरवाद और नशे के मुद्दे पर जमकर घेर सकते हैं।
अमित शाह हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी की मौजूदगी में हरियाणा मॉडल को पंजाबियों के सामने पेश कर सकते हैं। क्योंकि हरियाणा सूबा पंजाब से बिल्कुल साथ सटा है और कभी पंजाब का ही हिस्सा था। वे यूपी में गैंगस्टरों व बदमाशों के खिलाफ की गई सख्त कार्रवाई का भी जिक्र कर सकते हैं।
शाह पंजाब में आप के साथ-साथ कांग्रेस की फूट को भी ढाल बनाकर शीर्ष नेताओं को निशाने पर ले सकते हैं। बहरहाल, भाजपाई शाह की इस रैली को सफल बनाने के लिए पूरा जोर लगा रहे हैं।
पंजाब को बकाया कब मिलेगा, बताकर जाएं शाह: चीमा
पंजाब के वित्तमंत्री हरपाल सिंह चीमा ने सदन में इस मुद्दे को उठाते हुए कहा कि केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह पंजाब आ रहे हैं इसलिए वे पंजाबियों को बताकर जाएं कि केंद्र सरकार पंजाब का बकाया कब देगी। केंद्र ने पंजाब सरकार का रूरल डेवलपमेंट फंड (आरडीएफ) के हजारों करोड़ रुपये बकाया रोक रखे हैं।
एनएचएम, पीएम सड़क योजना व पीएम आवास योजना के तहत भी बजट नहीं आ रहा है। वन नेशन-वन टैक्स थ्योरी के बाद पंजाब को अब तक जीएसटी कलेक्शन में करीब 60 हजार करोड़ का नुकसान हो चुका है। लगातार पंजाब की आर्थिक स्थिति को कमजोर करने की साजिश रची जा रही है जबकि हिमाचल प्रदेश के माली हालात भी केंद्र विरोधी नीतियों की वजह से बहुत खराब हो चुके हैं।
पंजाब के साथ भेदभाव क्यों : बैंस
शिक्षामंत्री हरजोत सिंह बैंस ने भी शाह के पंजाब दौरे का जिक्र करते हुए कहा कि पंजाब में केंद्र की कमजोर विदेश नीति के चलते जो वर्तमान हालात बने हैं उन मसलों पर भी केंद्रीय मंत्री अमित शाह को बात रखनी चाहिए। उन्हें यह भी बताना चाहिए कि आखिरकार केंद्र का रवैया पंजाब के प्रति भेदभाव वाला क्यों रहता है। इसके अलावा मंत्री तरुणप्रीत सौंद, विधायक व आप के मुख्य प्रवक्ता कुलदीप सिंह धालीवाल समेत अन्य विधायकों ने सदन में शाह के पंजाब दौरे पर निशाना साधा।