राजजीत सिंह अक्तूबर 2019 से ही पुलिस की पकड़ से दूर थे। उन्हें आय से अधिक संपत्ति के मामले में नामजद किया गया था। इस मामले के सामने आने के बाद से ही वह भूमिगत हो गए थे।
करीब छह साल से फरार चल रहे बर्खास्त सहायक पुलिस महानिरीक्षक (एआईजी) राजजीत सिंह ने आज पटियाला पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर दिया। वह अक्तूबर 2019 से फरार बताए जा रहे थे। राजजीत सिंह नशा तस्करी और जबरन वसूली से जुड़े कई गंभीर मामलों में नामजद थे।
विज्ञापन
राजजीत सिंह के खिलाफ कई आपराधिक मामले दर्ज थे। पुलिस लंबे समय से उनकी तलाश कर रही थी। उनके खिलाफ नशा तस्करी के एक बड़े रैकेट में शामिल होने के आरोप थे। इसके अलावा, उन पर जबरन वसूली के भी आरोप लगे थे।
वर्ष 2019 में, उन्हें आय से अधिक संपत्ति के एक मामले में भी नामजद किया गया था। इस मामले के सामने आने के बाद से ही वह पुलिस की गिरफ्त से बाहर थे। पंजाब पुलिस ने उन्हें बर्खास्त कर दिया था। उनके आत्मसमर्पण को पुलिस के लिए एक बड़ी सफलता माना जा रहा है। अब पुलिस उनसे विभिन्न मामलों में पूछताछ करेगी। इस गिरफ्तारी से कई और खुलासे होने की उम्मीद है।