चंडीगढ़ निगम चुनाव की आहट के साथ शहर की सड़कों पर विकास का डामर बिछने जा रहा है। पांच साल तक जिन वार्डों की खस्ताहाल सड़कों की रिकार्पेटिंग का इंतजार रहा, अब चुनाव से ठीक पहले उनमें काम शुरू हो गया है।
शहर की कई वी-4, वी-5 और वी-6 सड़कों की पुरानी लेयर पहले खुरची जाएगी, फिर नई लेयर बिछेगी। सड़कें तैयार होते ही वार्डों में इनके उद्घाटन का सिलसिला भी शुरू होगा। यानी अगले दो महीने शहर में सड़कें टूटने, बनने और उनके उद्घाटन का दौर दिखाई देगा।
नगर निगम ने वी-4, वी-5 और वी-6 सड़कों तथा पार्किंग की रिकार्पेटिंग के काम शुरू कर दिए हैं। कई जगह सड़क की मौजूदा सतह इतनी बार ऊपर से बनाई जा चुकी है कि वह घरों और दुकानों के प्रवेश स्तर तक पहुंच गई है। बारिश में पानी घरों की तरफ आने की समस्या भी सामने आ रही है। ऐसे स्थानों पर निगम अब ऊपर से एक और लेयर चढ़ाने के बजाय पुरानी सड़क को पहले सक्रैरिफाई करेगा। यानी पुरानी सतह को मशीन से खुरचकर हटाया जाएगा और उसके बाद नई सड़क बिछाई जाएगी।
शहर के अलग-अलग हिस्सों में सड़क निर्माण का यह काम एक साथ चलने से लोगों को कुछ समय के लिए परेशानी भी झेलनी पड़ेगी। जिन सड़कों पर खुरचाई होगी, वहां धूल और शोर के साथ यातायात प्रभावित हो सकता है। बाजारों और घरों तक पहुंच भी कुछ समय के लिए प्रभावित होगी। हालांकि काम पूरा होने के बाद खस्ताहाल सड़कों और कई जगह जलभराव की समस्या से राहत मिलने की उम्मीद है।
पांच साल में नहीं हुआ, अब दो महीने में होगा काम
नगर निगम के रिकॉर्ड के मुताबिक वी-4, वी-5 और वी-6 सड़कों की रिकार्पेटिंग के लिए 96 करोड़ 50 लाख 56 हजार रुपये का रफ एस्टीमेट बनाया गया था। इसमें से 76 करोड़ 15 लाख 11 हजार रुपये के काम विभिन्न कंपनियों को अलॉट किए जा चुके हैं। इसके अलावा 66 करोड़ 77 लाख 56 हजार रुपये के कामों के एस्टीमेट तैयार हैं और ये टेंडर प्रक्रिया में हैं।
निगम की तीन रोड डिवीजन काम करवा रही हैं। दिसंबर में नगर निगम चुनाव प्रस्तावित होने के कारण सड़क निर्माण का समय भी खास महत्व रखता है। पांच साल में सड़कें न बन पाने से कई इलाकों में पार्षदों को लोगों की नाराजगी का सामना करना पड़ा। अब काम शुरू होने से पार्षदों के पास अपने वार्ड में विकास कार्य दिखाने का मौका होगा। सड़कें बनते ही उद्घाटन कार्यक्रमों के जरिए इसकी मौजूदगी भी लोगों के बीच दर्ज होगी।
इन सड़कों पर पहले खुरचेगी पुरानी लेयर
सेक्टर-17, 18, 19, 21, 22 और 23 की विभिन्न सड़कें व पार्किंग, सेक्टर-46ए की वी-4 रोड, 46सी की पार्किंग, सेक्टर-45ए-बी की वी-6, सेक्टर-9 की वी-5, सेक्टर-8 की इनर मार्केट पार्किंग, सेक्टर-10 की वी-4, सेक्टर-2, 7सी, 9सी, 11 और 18सी की वी-6, सेक्टर-18-19 की वी-4, सेक्टर-18-21 की वी-5, सेक्टर-15, 16, 17 और 23 की वी-4, सेक्टर-16-22 की वी-6 तथा सेक्टर-22ए-डी और 23-24 की वी-6 सड़कें शामिल हैं। डड्डूमाजरा कॉलोनी की अंदरूनी सड़कें, सेक्टर-25 की विभिन्न पार्किंग, लेक पार्किंग और खुड्डा लाहौरा कॉलोनी नंबर-2 की सड़कें भी इस सूची में हैं।
इन खस्ताहाल सड़कों पर भी नई लेयर
सेक्टर-37ए-सी, 38ए, 3बी, 37ए-बी-सी-डी, 42ए-बी, 41ए-बी, 52बी, 42, 36, 61, 44, 34ए-बी और 44सी की वी-5 व वी-6 सड़कें, सेक्टर-40, 44 और 51 की पार्किंग, मलोया, चमन, अमन और अंबेडकर कॉलोनी, मिल्क कॉलोनी धनास, इंडस्ट्रियल एरिया फेज-2 की वी-4, सेक्टर-48 की वी-5, सेक्टर-50ए-बी, 47ए-बी, 50, 32, 33, 31सी-डी और 33सी-डी की वी-4, वी-5 व वी-6 सड़कें रिकार्पेट होंगी। इसके अलावा सेक्टर-32-33 की पार्किंग, सेंट्रा माल रोड, मैंगो गार्डन रोड, ईडब्ल्यूएस कॉलोनी धनास की अंदरूनी सड़क, डड्डूमाजरा गांव की फिरनी रोड, सेक्टर-49सी, 49ए-बी-सी-डी, 34 की वी-4, 35 की वी-5, 36ए-बी, 41सी, 52डी, 54, 61, 11 की वी-5, सेक्टर-3, 4, 5, 9ए-बी-सी-डी की वी-6, सेक्टर-11सी-डी, सेक्टर-8-9सी की मध्य मार्ग पार्किंग और सेक्टर-8-9 की वी-4 रोड शामिल हैं।
बिटुमिन मिलना शुरू, दो महीने में ज्यादातर सड़कें तैयार करने का दावा
नगर निगम के चीफ इंजीनियर संजय अरोड़ा ने बताया कि वी-4, वी-5 और वी-6 सड़कों के साथ पार्किंग की रिकार्पेटिंग शुरू हो चुकी है। करीब 96 करोड़ रुपये के एस्टीमेट में से 76 करोड़ रुपये के काम अलॉट हैं। पहले बिटुमिन उपलब्ध नहीं हो रहा था, अब इसकी आपूर्ति शुरू हो गई है। दो महीने में ज्यादातर सड़कों की रिकार्पेटिंग पूरी कर ली जाएगी।