आम आदमी पार्टी (आप) संयोजक अरविंद केजरीवाल ने पंजाब में नशे को लेकर कहा कि पहले की सरकारों के मंत्री खुद नशा बेचते थे। नशा तस्करों को अपने घरों में रखते थे। इस काले कारोबार से तस्करों ने बड़ी-बड़ी कोठियां बनाई, जिनपर अब बुलडोजर चलाया जा रहा है।
आज पंजाब के लिए ही नहीं देश के लिए ऐतिहासिक दिन है। क्योंकि अब बच्चों को नशे के खिलाफ बचपन से ही शिक्षा दी जाएगी। यह बात आम आदमी पार्टी (आप) संयोजक अरविंद केजरीवाल ने कही। अरविंद केजरीवाल और मुख्यमंत्री भगवंत मान शुक्रवार को पंजाब के फाजिल्का में थे। जहां उन्होंने लोगों को संबोधित किया।
विज्ञापन
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि पंजाब में नशा एक दिन में नहीं आया है। पंजाब कई वर्षों से नशे से जूझ रहा है। वर्ष 2007-08 से पंजाब में नशा आने लगा और उसके बाद जितने सरकारें रहीं, उन्होंने नशे को खत्म करने के बयाए इसे बढ़ाने का काम किया। केजरीवाल ने कहा कि कुछ सरकारें तो पंजाब में ऐसी भी थी जिनके मंत्री खुद नशा बेचते थे। यहां तक मंत्री अपनी गाड़ियों में पंजाब के कोने-कोने में नशा सप्लाई करते थे। देश के बाहर से पंजाब में इंटरनेशनल ड्रग्स तस्कर आते थे तो उनको वे अपने घर और कोठियों में अपने साथ रखते थे। पहले जो भी सरकारें रहीं उन्होंने नशे के खिलाफ कोई एक्शन नहीं लिया।
वर्ष 2022 में पंजाब के लोगों ने तंग व परेशान होकर नई पार्टी आम आदमी पार्टी (आप) की सरकार को सत्ता में लाया। लोगों ने यह कहते हुए आप को चुना कि नशे के खिलाफ न तो कांग्रेस और न ही अकाली-भाजपा कुछ कर रही है। इसलिए आप कुछ करके दिखाओ। सरकार की तरफ से शुरू किया गया युद्ध नशे के विरुद्ध अभियान के तहत नशे बेचने वालों को पकड़ कर जेल में डाला जा रहा है।
विज्ञापन
केजरीवाल ने कहा कि पंजाब की आप सरकार ने युद्ध नशे के विरुद्ध अभियान के तहत पिछले पांच महीने में अब तक 23,000 से ज्यादा एफआईआर हो चुकी हैं और 15,000 से ज्यादा लोग जेल में बंद किए जा चुके हैं। इन नशा बेचने वालों ने इस काले कारोबार से जो पैसा कमाया उससे बड़े-बड़े महल, कोठियां और इमारतें खड़ी की। अब इन अवैध ढांचों पर सरकार कार्रवाई करते हुए इन पर बुलडोजर चला रही है। इससे पहले नशा तस्करों के खिलाफ कार्रवाई करने की किसी सरकार की हिम्मत नहीं हुई, लेकिन आप सरकार हिम्मत वाली है। हम किसी से नहीं डरते इसलिए नशे और नशा तस्करों के खिलाफ कार्रवाई कर रहे हैं।