शहर के गोशाला रोड पर गुरुद्वारा चौक स्थित जैन बुक डिपो में अचानक आग लग गई। इससे दुकान की करोड़ों रुपये की किताबें व अन्य सामान जल कर राख हो गया।
सीटी 1 मानसा की पुलिस और एसडीएम राकेश कुमार ने मौके पर पहुंचकर घटना का जायजा लिया। आग पर काबू पाने के लिए शहर की फायर ब्रिगेड के अलावा सरदूलगढ़, रामपुरा, बुढलाडा और थर्मल प्लांट बणावाला से भी गाड़ियां लाई गई।
उन्होंने करीब सात घंटों की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। वहीं आग लगने के कारणों का अभी तक कोई पता नहीं चल पाया है।
स्थानीय लोगों में सरकारी लापरवाही की वजह से दमकल वाहनों में पानी न होने और घटना स्थल पर देरी से आने को लेकर भारी रोष पाया जा रहा है।
दुकान के आगे वाले हिस्से में आग अधिक होने से ज्यादा नुकसान हुआ है। इस घटना से आसपास के दुकानदारों में भी हड़कंप मच गया है। आशंका जताई जा रही है कि उक्त घटना बिजली की तारों में स्पार्क होने की वजह से हुई है।
शहर के जैन बुक डिपो के मालिक जंबू जैन (तरसेम) ने बताया कि वह रोज की तरह सोमवार सुबह 6 बजे अपनी दुकान के आसपास की साफ-सफाई कर अभी अपने घर गए ही थे कि कुछ देर के बाद उन्हें पड़ोसियों ने फोन पर आग लगने के बारे में जानकारी दी। जैसे ही उन्होंने शटर खोल कर देखा तो दुकान में भीषण आग लगी हुई थी।
उन्होंने इसकी सूचना मानसा की फायर ब्रिगेड को दी। दमकल वाहन में पानी न होने से काफी देर से पहुंचा, जिससे उनकी दुकान जलकर राख हो गई। आग पर काबू न पड़ता देख कर प्रशासनिक अधिकारियों ने जिला के थर्मल प्लांट बणांवाला, सरदूलगढ़, बुढलाडा एवं बठिंडा जिले के रामपुरा से दमकल गाड़ियां मंगवाई।
उन्होंने कड़ी मेहनत से 6-7 घंटों में आग पर काबू डाला। उन्होंने बताया कि उनकी करोड़ों की किताबें, कॉपियां, स्टेशनरी और खेलों का सामान जलकर राख हो गया।
उन्होंने शक जाहिर किया है कि आग किसी शरारती तत्व की ओर से लगाई गई है। इस दौरान एसडीएम राकेश कुमार, डीएसपी रुपिंदर भारद्वाज ने कहा कि दुकान में आग लगने के कारणों का अभी तक कोई पता नहीं लगा है। उन्होंने बताया कि पुलिस घटना की जांच कर रही है।