फरीदकोट। गांव ढीमांवाली के कबड्डी टूर्नामेंट को लेकर शिअद व कांग्रेस समर्थकों के बीच खींचतान बढ़ती जा रही है। दो पक्षों में बंट चुके आयोजकों के अलग अलग टूर्नामेंट करवाने की घोषणा के बीच जिला प्रशासन ने 23 सितंबर से शुरू होने वाले कांग्रेस समर्थक कल्ब के पदाधिकारियों पर मामला दर्ज करते हुए उनके टूर्नामेंट पर रोक लगा दी है। कांग्रेस ने जिला प्रशासन की इस कार्रवाई का सख्त विरोध किया है और मालवा क्षेत्र के विधायकों व पूर्व विधायकों ने 23 सितंबर को हर हाल में टूर्नामेंट शुरू करवाने व फरीदकोट दौरे पर पहुंच रहे उपमुख्यमंत्री सुखबीर सिंह बादल के घेराव की घोषणा कर दी है। इस मामले में रविवार को पूर्व विधायक कुशलदीप सिंह किक्की ढिल्लों के आवास पर कांग्रेसी वर्करों की एक बैठक का आयोजन हुआ। बैठक की अध्यक्षता पीपीसीसी उपाध्यक्ष व मालवा जोन प्रभारी गुरप्रीत सिंह कांगड़ ने की।
इस अवसर पर किक्की ढिल्लों बताया कि एक तरफ बादल परिवार राज्य में कबड्डी को उत्साहित करने का दावा कर रहा है जबकि दूसरी तरफ गांवों के युवा क्लबों को टूर्नामेंट आयोजित करने से रोका जा रहा है। गांव ढीमांवाली में पिछले 42 वर्षो से बाबा फक्कर दास स्पोर्ट्स कल्ब की तरफ कबड्डी टूर्नामेंट करवाया जाता रहा है लेकिन इस बार शिअद के सीपीएस की शह पर शिअद समर्थक पंचायत ने एक अलग कमेटी बनाकर 26 से 28 सितंबर को टूर्नामेंट रखवा दिया है। कल्ब ने भी 23 से 25 सितंबर का टूर्नामेंट तय करके 25 सितंबर को पीपीसीसी अध्यक्ष प्रताप सिंह बाजवा को बतौर मुख्य मेहमान बुलाने का फैसला कर लिया। इस निर्णय के विरोध में प्रशासन ने कल्ब के टूर्नामेंट पर रोक लगा दी है और दबाव बनाने के लिए शनिवार रात थाना सदर कोटकपूरा में कल्ब के प्रधान दिलावर सिंह समेत अन्य पदाधिकारियों पर धोखाधड़ी का झूठा मामला दर्ज किया है। कांग्रेसी नेताओं ने ऐलान किया कि रोक के बावजूद 23 सितंबर को हर हाल में टूर्नामेंट शुरू करवाया जाएगा और यदि प्रशासन ने धक्केशाही का प्रयास किया तो फरीदकोट आ रहे उपमुख्यमंत्री का घेराव किया जाएगा। इस मामले को लेकर सोमवार को शिअद व कांग्रेस समर्थकों के बीच बड़े टकराव की आशंका पैदा हो गई है। इस मौके पर नथाना के विधायक अजायब सिंह भट्टी,पक्का कलां के विधायक मक्खन सिंह,गिदड्बाहा के विधायक अमरिंदर सिंह राजा वडिंग ,जैतो के विधायक जोगिंदर सिंह,जालंधर छावणी के पूर्व विधायक जगबीर सिंह बराड़,वाघापुराना के पूर्व विधायक दर्शन सिंह बराड़ विशेष तौर पर शामिल हुए।